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  • राजस्थान में कड़ी सुरक्षा के बीच आज हो रहा निकाय प्रमुखों का चुनाव…. भारी सुरक्षा बल तैनात

    राजस्थान में कड़ी सुरक्षा के बीच आज हो रहा निकाय प्रमुखों का चुनाव…. भारी सुरक्षा बल तैनात


    जयपुर।
    राजस्थान (Rajasthan) में नगरीय निकाय प्रमुखों के चुनाव (Urban Local Bodies Heads Elections ) से पहले कई जगहों पर सामने आई हिंसा, पार्षदों पर दबाव और राजनीतिक खींचतान के बीच पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। सोमवार को होने वाले नगर निगम मेयर, नगर परिषद सभापति और नगर पालिका अध्यक्ष पदों के चुनाव को देखते हुए संवेदनशील स्थानों पर भारी पुलिस बल तैनात किया जा रहा है।

    चुनाव को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से कराने के लिए जिला पुलिस से लेकर रेंज और कमिश्नरेट स्तर तक सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश दिए गए हैं। जरूरत के अनुसार अतिरिक्त पुलिस बल के साथ राजस्थान आर्म्ड कॉन्स्टेबुलरी (RAC) और स्पेशल टास्क फोर्स (STF) की अतिरिक्त कंपनियां भी उपलब्ध कराई गई हैं।


    हिंसा और राजनीतिक खींचतान के बीच पुलिस अलर्ट

    निकाय चुनाव के वार्ड परिणाम आने के बाद कई जगहों पर बोर्ड बनाने को लेकर भाजपा और कांग्रेस के बीच जोरदार खींचतान चल रही है। निर्दलीय पार्षदों की महत्वपूर्ण भूमिका वाले निकायों में जोड़तोड़ और क्रॉस वोटिंग की आशंका के बीच दोनों दल अपने पार्षदों को एकजुट रखने की कोशिश में जुटे हैं।

    इसी दौरान कुछ स्थानों पर पार्षदों को धमकाने, दबाव बनाने और पुलिस कार्रवाई से जुड़े आरोप भी सामने आए हैं। ऐसे घटनाक्रम को देखते हुए पुलिस ने अध्यक्ष पद के चुनाव वाले निकायों में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया है।


    एसपी, रेंज आईजी और पुलिस कमिश्नरों को विशेष निर्देश

    अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस (कानून एवं व्यवस्था) वीके सिंह की ओर से सभी जिला पुलिस अधीक्षकों, रेंज आईजी और पुलिस आयुक्तों को चुनाव के लिए पुख्ता सुरक्षा प्रबंध करने के निर्देश दिए गए हैं। निर्देशों के तहत जिला स्तर पर उपलब्ध पुलिस बल की समीक्षा कर जरूरत वाले क्षेत्रों में अतिरिक्त बल लगाया जा रहा है। संवेदनशील निकायों में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए RAC और STF की कंपनियां भी तैनात की जा रही हैं।


    शांतिपूर्ण मतदान की अपील

    पुलिस प्रशासन ने चुनाव प्रक्रिया में किसी भी तरह की बाधा या कानून-व्यवस्था की स्थिति पैदा नहीं होने देने के लिए स्थानीय स्तर पर भी आवश्यक इंतजाम करने के निर्देश दिए हैं अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस (कानून एवं व्यवस्था) वीके सिंह ने लोगों से शांतिपूर्ण और निष्पक्ष चुनाव कराने में पुलिस प्रशासन का सहयोग करने की अपील की है। आज सोमवार को होने वाले निकाय प्रमुखों के चुनाव के दौरान सुरक्षा व्यवस्था पर पुलिस की विशेष नजर रहेगी। संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त बल की तैनाती के साथ पुलिस अधिकारी मौके की स्थिति के अनुसार सुरक्षा व्यवस्था को बढ़ा सकेंगे।

  • OTT पर इस हफ्ते क्या देखें? 13 नई फिल्में और सीरीज मचाएंगी धूम Netflix से JioHotstar तक रहेगा मनोरंजन का जलवा

    OTT पर इस हफ्ते क्या देखें? 13 नई फिल्में और सीरीज मचाएंगी धूम Netflix से JioHotstar तक रहेगा मनोरंजन का जलवा

    नई दिल्ली। ओटीटी लवर्स के लिए सितंबर का यह सप्ताह काफी खास रहने वाला है। 21 से 27 सितंबर के बीच अलग अलग ओटीटी प्लेटफॉर्म पर एक साथ 13 फिल्में और सीरीज रिलीज होने जा रही हैं। इस सप्ताह दर्शकों को मिस्ट्री थ्रिलर से लेकर क्राइम ड्रामा साइकोलॉजिकल हॉरर कॉमेडी और रियलिटी शो तक देखने को मिलेंगे। खास बात यह है कि इस पूरी लिस्ट में सबसे ज्यादा 9 फिल्में और सीरीज नेटफ्लिक्स पर स्ट्रीम होंगी। इसके अलावा जियो हॉटस्टार और सोनी लिव पर भी नई रिलीज देखने को मिलेगी।

    इस सप्ताह की सबसे चर्चित रिलीज में शक ट्रस्ट नो वन शामिल है। यह मिस्ट्री थ्रिलर सीरीज 24 सितंबर को नेटफ्लिक्स पर रिलीज होगी। इसमें परिणीति चोपड़ा जेनिफर विंगेट ताहिर राज भसीन सोनी राजदान और सुमीत व्यास जैसे कलाकार नजर आएंगे। कहानी एक ऐसी मां के इर्द गिर्द घूमती है जिसका बच्चा करीब 9 साल पहले किडनैप हो गया था। बच्चे की तलाश में निकलने के बाद उसके सामने सबसे बड़ा सवाल यही होता है कि आखिर किस पर भरोसा किया जाए और किस पर नहीं।

    कॉमेडी पसंद करने वाले दर्शकों के लिए भी इस सप्ताह खास कंटेंट मौजूद है। निमेश पटेल का कॉमेडी स्पेशल बाय द डिप 22 सितंबर को नेटफ्लिक्स पर आएगा। इसमें कॉमेडियन परिवार के व्हाट्सऐप मैसेज अस्पताल के बिल और बच्चों की किताबों जैसे रोजमर्रा के विषयों पर अपने अंदाज में बात करते नजर आएंगे। वहीं 26 सितंबर से द ग्रेट इंडिया कपिल शो का नया सीजन शुरू होगा। कपिल शर्मा के इस शो में मनोरंजन के साथ कई चर्चित चेहरे मेहमान के रूप में दिखाई देंगे।

    25 सितंबर को नेटफ्लिक्स पर कई अलग अलग तरह की रिलीज देखने को मिलेंगी। यूनाबॉम्बर नाम की क्राइम ड्रामा एंथोलॉजी सीरीज FBI के उस मिशन पर आधारित है जिसमें कुख्यात आतंकवादी टेड काजिन्स्की को पकड़ने की कोशिश दिखाई गई है। इसी दिन द फाइनल प्रॉब्लम नाम की स्पैनिश मिस्ट्री थ्रिलर मिनी सीरीज भी आएगी। इसकी कहानी 1959 की पृष्ठभूमि में है जहां तूफान के कारण 13 लोग एक होटल में फंस जाते हैं और फिर एक मौत के बाद कहानी रहस्य और सवालों में उलझ जाती है।

    इसके अलावा द गॉडफादर कोडा द डेथ ऑफ माइकल कोरलिओन भी 25 सितंबर को नेटफ्लिक्स पर रिलीज होगी। यह 1990 में आई द गॉडफादर पार्ट 3 का नया एडिटेड वर्जन है जिसे फ्रांसिस फोर्ड कोपोला ने निर्देशित किया है। 23 सितंबर को ब्राजीलियन लीगल ड्रामा हैबियस कॉरपस और 24 सितंबर को साइकोलॉजिकल ड्रामा डिल्यूजन तथा साइकोलॉजिकल हॉरर सीरीज माई सैड डेड भी दर्शकों को देखने को मिलेगी।

    जियो हॉटस्टार पर 25 सितंबर को हुंकार और मैंगो पच्चा रिलीज होंगी। हुंकार एक क्राइम थ्रिलर है जिसकी कहानी एक 17 वर्षीय लड़की और एक प्रभावशाली नेता पर लगाए गए गंभीर आरोपों के इर्द गिर्द घूमती है। वहीं मैंगो पच्चा कन्नड़ क्राइम एक्शन फिल्म है जिसमें एक साधारण सीडी बेचने वाला व्यक्ति अपराध और राजनीति की जटिल दुनिया में फंस जाता है। बच्चों के लिए जंगल टेल्स विद मोगली भी 26 सितंबर को नया एपिसोड लेकर आएगा।

    सोनी लिव पर क्रिकेटर रोहित शर्मा की मेजबानी वाला गेमिंग शो फैमिली फुल हाउस 26 और 27 सितंबर को स्ट्रीम होगा। इस तरह 21 से 27 सितंबर का पूरा सप्ताह ओटीटी दर्शकों के लिए नई कहानियों और मनोरंजन से भरा रहने वाला है। सोमवार से रविवार तक अलग अलग प्लेटफॉर्म पर लगातार नई रिलीज मिलने से दर्शकों के पास देखने के लिए कई विकल्प मौजूद रहेंगे।

  • SIR: बंगाल में 37 लाख अपील, 5 माह में निपटी मात्र 1.26 लाख, इस स्पीड से सभी के निपटारे में लगेंगे 12 साल

    SIR: बंगाल में 37 लाख अपील, 5 माह में निपटी मात्र 1.26 लाख, इस स्पीड से सभी के निपटारे में लगेंगे 12 साल


    कोलकाता।
    पश्चिम बंगाल (West Bengal) में गहन पुनरीक्षण अभियान (Intensive Review Campaign- SIR) में नाम कटने के बाद वोटर लिस्ट में दोबारा नाम शामिल करने वाली इतनी अपील आ गई हैं कि सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) द्वारा बनाया गया ट्राइबन्यूनल (Tribunal) अगले 12 साल में भी इनका निपटारा नहीं कर पाएगा। चुनाव आयोग ने ही सुप्रीम कोर्ट में जवाब देते हुए बताया है कि पिछले पांच महीने में 1 लाख 26 हजार मामलों का निपटारा हो पाया है। वहीं 37 लाख से ज्यादा अपील ट्राइबन्यूल में आई हैं। ऐसे में अगर यही स्पीड रही तो सारी अपील निपटाने में 12 साल का समय लग जाएगा।


    एक महीने में कितने केस सुलझाए जा रहे

    अगर आंकड़ों पर और ट्राइब्यूनल के काम करने की स्पीड पर कौर करें तो एक महीने में लगभग 25 हजार 238 मामलों का निपटारा हो रहा है। इसमें शनिवार और रविवार को छुट्टी के तौर पर नहीं गिना गया है। वहीं 16 सितंबर तक कुल 37,05,235 केस पेंडिंग हैं। ऐसे में अगर ट्राइबन्यूल सातों दिन लगातार काम करता है और कोई छुट्टी नहीं करता है तो कम से कम 146 महीने लग जाएंगे।

    ऐसे में चुनवा आयोग ने सुप्रीम कोर्ट से कहा है कि मौजूदा इन्फ्रास्ट्रक्चर और कर्मचारियों की संख्या इतने सारे केस निपटाने के लिए पर्याप्त नहीं है। ऐसे में ट्राइबन्यूनल की संख्या बढ़ाकर 24 से 42 की जा सकीत है। इसके अलावा न्यायिक अधिकारियों को अगर घर से काम करने की भी सुविधा दी जाए तो काम में तेजी आएगी।

    टीएमसी सांसद डेरेक ओ ब्रायन ने अपील निपटाने को लेकर एक याचिका फाइल की थी। इसपर जवाब देते हुए चुनाव आयोग ने बताया कि अगर न्यायिक अधिकारियों को घर से भी काम करने की छूट मिलती है तो केस निपटाने में आसानी होगी।


    कांग्रेस का चुनाव आयोग पर निशाना

    कांग्रेस ने रविवार को निर्वाचन आयोग द्वारा मतदाता सूचियों के जारी विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान बड़े पैमाने पर नाम हटाए जाने का मुद्दा उठाया और आरोप लगाया कि एसआईआर वास्तव में मतदाताओं के नाम हटाने की एक बड़े पैमाने की ”शाह इंस्टीगेटेड रिमूवल” (शाह के इशारे पर मतदाताओं के नाम हटाने की) प्रक्रिया तथा ”संविधान पर हमला” है। कांग्रेस ने कहा कि इस बात के पर्याप्त सबूत हैं कि विभिन्न राज्यों में बड़े पैमाने पर हटाए गए नामों में सबसे अधिक संख्या समाज के आर्थिक और सामाजिक रूप से सबसे कमजोर तथा वंचित वर्गों से आने वाले मतदाताओं की है।

  • सऊदी अरब में हूती के हमलों के बाद US में बड़ा अलर्ट… यात्रा के लिए अनुमति लेना अनिवार्य

    सऊदी अरब में हूती के हमलों के बाद US में बड़ा अलर्ट… यात्रा के लिए अनुमति लेना अनिवार्य


    वाशिंगटन।
    यमन (Yemen) के हूती समूह (Houthi Group) के मिसाइल और ड्रोन हमलों (Missile- Drone Attacks) के बाद सऊदी अरब (Saudi Arabia) में सुरक्षा को लेकर अमेरिका ने बड़ा अलर्ट जारी किया है। अमेरिकी मिशन ने सऊदी अरब में काम कर रहे अपने सरकारी कर्मचारियों को ताइफ और यनबू शहरों की यात्रा के लिए विशेष अनुमति लेना अनिवार्य कर दिया है। यह नियम सरकारी काम के साथ-साथ निजी यात्रा पर भी लागू होगा। अमेरिकी मिशन ने कहा कि यह फैसला मौजूदा सुरक्षा स्थिति को देखते हुए लिया गया है। साथ ही सऊदी अरब में मौजूद अमेरिकी नागरिकों से सतर्क रहने और सुरक्षा निर्देशों का पालन करने को कहा गया है।


    हूतियों ने सऊदी अरब को कैसे निशाना बनाया?

    यह अमेरिकी अलर्ट ऐसे समय आया है जब हूती समूह ने सऊदी अरब की ओर मिसाइल और ड्रोन हमले किए हैं। इनमें राजधानी रियाद की ओर दागी गई एक बैलिस्टिक मिसाइल भी शामिल है। सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन ने कहा कि मिसाइल को रास्ते में ही रोक दिया गया। गठबंधन ने बिश, ताइफ, फरासन और यनबू में नागरिक आबादी और बुनियादी ढांचे को निशाना बनाने की कोशिशों की भी जानकारी दी है। रियाद में एयरपोर्ट के पास विस्फोट और धुएं का बड़ा गुबार दिखाई देने की खबर भी सामने आई, हालांकि सऊदी अधिकारियों के मुताबिक इस घटना में किसी के हताहत होने या नुकसान की सूचना नहीं है।


    अमेरिका ने सऊदी अरब में रहने वाले नागरिकों को क्या कहा?

    अमेरिकी मिशन ने अपने नागरिकों से सतर्क रहने, स्थानीय मीडिया और सरकारी घोषणाओं पर नजर रखने तथा फोन चार्ज रखने को कहा है। हवाई हमले की स्थिति में लोगों को खिड़कियों और कांच के दरवाजों से दूर रहने की सलाह दी गई है। अमेरिका ने लोगों से प्रदर्शन और बड़ी भीड़ से बचने तथा ऐसे स्थानों पर अतिरिक्त सावधानी बरतने को भी कहा है, जिन्हें सार्वजनिक रूप से अमेरिका से जुड़ा माना जाता है। अमेरिकी विदेश विभाग सऊदी अरब के लिए फिलहाल लेवल-3 ‘यात्रा पर पुनर्विचार करें’ की सलाह दे रहा है। इसमें ड्रोन और मिसाइल हमलों, सशस्त्र संघर्ष और आतंकवाद का खतरा बताया गया है।


    ईरान ने अमेरिका और उसके सहयोगियों को क्या चेतावनी दी?

    सऊदी अरब पर हमलों के बीच ईरान ने भी अमेरिका और उसके सहयोगियों को कड़ी चेतावनी दी है। ईरानी सैन्य केंद्रीय कमान ने रविवार को सरकारी मीडिया पर कहा कि अगर अमेरिका और उसके सहयोगी कोई नया बड़ा हमला करते हैं तो ईरान अमेरिका के खिलाफ लगातार जवाबी कार्रवाई करेगा। ईरान ने यह भी कहा कि क्षेत्र में मौजूद अमेरिका के सहयोगियों को संघर्ष का पक्ष माना जाएगा। हालांकि, ईरान ने उस कथित हमले की कोई विस्तृत जानकारी नहीं दी, जिसकी तैयारी होने की बात उसने कही है।


    कतर ने हूती हमलों पर क्या कहा?

    कतर ने रियाद को निशाना बनाकर किए गए बैलिस्टिक मिसाइल हमले और बिश, ताइफ, फरासन तथा यनबू में नागरिक आबादी और बुनियादी ढांचे को निशाना बनाने की कोशिशों की कड़ी निंदा की है। कतर के विदेश मंत्रालय ने इन हमलों को सऊदी अरब की संप्रभुता और अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया और सऊदी अरब के साथ एकजुटता जताई है। इस बीच अमेरिका ने पश्चिम एशिया की यात्रा करने या वहां से गुजरने वाले अपने नागरिकों को भी सतर्क रहने को कहा है। अमेरिकी चेतावनी में उड़ानें रद्द होने और हवाई क्षेत्र बंद होने जैसी संभावित परेशानियों का भी जिक्र किया गया है।

  • विराट कोहली के पास एक साथ कई बड़े रिकॉर्ड तोड़ने का मौका! 15000 ODI रन से सिर्फ 59 रन दूर

    विराट कोहली के पास एक साथ कई बड़े रिकॉर्ड तोड़ने का मौका! 15000 ODI रन से सिर्फ 59 रन दूर

    नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार बल्लेबाज विराट कोहली एक बार फिर मैदान पर उतरने के लिए तैयार हैं। भारत और वेस्टइंडीज के बीच 27 सितंबर से तीन मैचों की वनडे सीरीज शुरू होने जा रही है और इस सीरीज में क्रिकेट प्रशंसकों की नजरें विराट कोहली पर टिकी रहेंगी। टेस्ट और टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास ले चुके विराट अब वनडे फॉर्मेट पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। ऐसे में वेस्टइंडीज के खिलाफ होने वाली यह सीरीज उनके लिए खास हो सकती है। साल 2027 में होने वाले वनडे वर्ल्ड कप से पहले विराट के पास अपनी लय बनाए रखने के साथ साथ कई बड़े रिकॉर्ड अपने नाम करने का मौका है।

    विराट कोहली वनडे क्रिकेट में 15000 रन पूरे करने से सिर्फ 59 रन दूर हैं। उन्होंने अब तक 302 पारियों में 58.59 की शानदार औसत से 14941 रन बनाए हैं। अगर वेस्टइंडीज के खिलाफ सीरीज में विराट 59 रन बना लेते हैं तो वह वनडे क्रिकेट में 15000 रन पूरे करने वाले दुनिया के केवल दूसरे बल्लेबाज बन जाएंगे। उनसे पहले यह उपलब्धि महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर हासिल कर चुके हैं। सचिन के नाम वनडे क्रिकेट में 18426 रन दर्ज हैं। इस लिहाज से विराट के लिए आगामी सीरीज का हर रन एक नए रिकॉर्ड की ओर कदम होगा।

    विराट के पास भारत की धरती पर भी सचिन तेंदुलकर के एक बड़े रिकॉर्ड को पीछे छोड़ने का मौका है। घरेलू मैदान पर विराट ने अब तक 130 वनडे मैचों में 62.42 की औसत से 6867 रन बनाए हैं। वहीं सचिन तेंदुलकर ने भारत में वनडे क्रिकेट खेलते हुए 6976 रन बनाए हैं। विराट को इस आंकड़े को पार करने के लिए 110 रन की जरूरत है। अगर वह वेस्टइंडीज के खिलाफ तीन मैचों की सीरीज में 110 रन बना लेते हैं तो भारत में सबसे ज्यादा वनडे रन बनाने के मामले में सचिन से आगे निकल सकते हैं।

    विराट कोहली के लिए वेस्टइंडीज के खिलाफ शतक भी एक बड़ी उपलब्धि लेकर आ सकता है। कोहली ने श्रीलंका के खिलाफ वनडे क्रिकेट में 10 शतक लगाए हैं। किसी एक टीम के खिलाफ 10 वनडे शतक लगाने वाले वह दुनिया के इकलौते बल्लेबाज हैं। वहीं वेस्टइंडीज के खिलाफ विराट के नाम फिलहाल 9 वनडे शतक दर्ज हैं। अगर आगामी सीरीज में उनके बल्ले से एक और शतक निकलता है तो वह दो अलग अलग टीमों के खिलाफ 10 या उससे ज्यादा वनडे शतक लगाने वाले पहले बल्लेबाज बन जाएंगे।

    विराट कोहली आखिरी बार इंग्लैंड के खिलाफ वनडे सीरीज में भारतीय टीम की जर्सी में नजर आए थे। अब लंबे अंतराल के बाद उनकी वापसी का इंतजार खत्म होने वाला है। वनडे क्रिकेट में अपनी जगह बनाए रखने के साथ विराट के सामने कई व्यक्तिगत उपलब्धियां भी हैं। 27 सितंबर से शुरू होने वाली सीरीज इसलिए भी महत्वपूर्ण होगी क्योंकि इसके प्रदर्शन पर प्रशंसकों की नजर रहेगी और विराट के सामने एक साथ कई रिकॉर्ड तक पहुंचने का मौका होगा।

    भारत और वेस्टइंडीज के बीच होने वाली तीन मैचों की वनडे सीरीज में विराट की बल्लेबाजी पर खास निगाहें रहेंगी। 59 रन उन्हें 15000 वनडे रनों के क्लब में पहुंचा सकते हैं जबकि 110 रन उन्हें भारत में सबसे ज्यादा वनडे रन बनाने के सचिन तेंदुलकर के आंकड़े के करीब ले जाएंगे। इसके अलावा एक शतक वेस्टइंडीज के खिलाफ उनके 10 शतकों का आंकड़ा पूरा कर सकता है। ऐसे में सीरीज शुरू होने से पहले ही विराट के रिकॉर्ड्स की चर्चा ने क्रिकेट प्रशंसकों के बीच उत्सुकता बढ़ा दी है।

  • मेडिसिन की होम डिलीवरी व्यवस्था हो सकती है बंद….. एडवाइजरी बोर्ड ने दिए समीक्षा के निर्देश

    मेडिसिन की होम डिलीवरी व्यवस्था हो सकती है बंद….. एडवाइजरी बोर्ड ने दिए समीक्षा के निर्देश


    नई दिल्ली।
    कोविड (COVID) के दौरान शुरू हुई दवाओं की होम डिलीवरी वाली व्यवस्था (Medicines Home Delivery System) पर रोक लग सकती है। दवा कारोबारियों के संगठनों की ओर से इसकी मांग उठी है। इसपर ड्रग्स टेक्निकल एडवाइजरी बोर्ड (डीटीएबी) (Drugs Technical Advisory Board – DTAB) ने होम डिलीवरी की व्यवस्था की दोबारा समीक्षा करने को कहा है।

    इसके लिए बनी उपसमिति को मौजूदा स्थिति के आधार पर मामले पर फिर विचार करना होगा। जरूरत पड़ने पर दवा कारोबारियों के संगठनों को भी अपनी बात रखने का मौका दिया जाएगा। सूत्रों के अनुसार, उप समिति में कई सदस्य होम डिलीवरी जारी रखने के पक्ष में हैं। उनका मानना है कि इससे दूर-दराज और खासतौर पर गांवों में रहने वाले लोगों को सहूलियत मिल रही है। वहीं, डीटीएबी ने ब्लड डोनेट करने वालों की पहचान भी डिजिटल करने का फैसला लिया है। रक्तदान के दौरान रक्तदाताओं की पहचान को आधार और आभा से जोड़ने की भी सिफारिश की गई है। बोर्ड के मुताबिक इससे रक्तदाताओं की पहचान और रक्तदान के बाद उनकी निगरानी में मदद मिलेगी। इसका एक उद्देश्य ऐसे दाताओं की पहचान करना भी है, जिन्हें किसी वजह से रक्तदान से रोका गया हो।

  • बालों को लंबा और घना बनाने के लिए कौन सा तेल लगाएं? एक्सपर्ट ने बताए तीन खास हेयर ऑयल और उनके फायदे

    बालों को लंबा और घना बनाने के लिए कौन सा तेल लगाएं? एक्सपर्ट ने बताए तीन खास हेयर ऑयल और उनके फायदे

    नई दिल्ली । लंबे, घने और चमकदार बालों की चाहत में लोग कई तरह के हेयर केयर प्रोडक्ट्स और घरेलू नुस्खे आजमाते हैं। बालों की देखभाल में तेल लगाना भी एक पुराना और आसान तरीका माना जाता है। हालांकि, बालों की समस्या के हिसाब से सही तेल का चुनाव करना जरूरी है, क्योंकि अलग-अलग तेल अलग जरूरतों के लिए उपयोगी हो सकते हैं।

    डर्मेटोलॉजिस्ट निरुपमा परवंदा ने बालों की देखभाल के लिए तीन तेलों के बारे में जानकारी दी है। इनमें नारियल तेल, रोजमेरी ऑयल और बादाम का तेल शामिल हैं। विशेषज्ञ के मुताबिक, इनका इस्तेमाल बालों की स्थिति और जरूरत को ध्यान में रखकर किया जा सकता है।

    सबसे पहले नारियल तेल की बात करें तो यह खासतौर पर रूखे और फ्रिजी बालों के लिए उपयोगी माना जाता है। अगर बाल आसानी से उलझते हैं, उनमें नमी की कमी रहती है या वे काफी ड्राई दिखाई देते हैं, तो नारियल तेल मददगार हो सकता है। यह बालों में प्रोटीन लॉस को कम करने में सहायता करता है।

    नारियल तेल के इस्तेमाल से बालों में नमी बनाए रखने में मदद मिल सकती है। इससे बालों का रूखापन और फ्रिजीनेस कुछ कम नजर आ सकती है। इसके साथ ही बाल अधिक मुलायम और चमकदार दिखाई दे सकते हैं। इसलिए ड्राई हेयर की समस्या वाले लोगों के लिए यह एक उपयोगी विकल्प हो सकता है।

    दूसरा विकल्प रोजमेरी ऑयल है। इसे बालों की ग्रोथ से जोड़कर देखा जाता है। विशेषज्ञ के अनुसार, रोजमेरी ऑयल कुछ हद तक बालों की ग्रोथ को बढ़ावा देने में मदद कर सकता है। हालांकि, इसका इस्तेमाल सीधे बालों या स्कैल्प पर नहीं करना चाहिए।

    रोजमेरी ऑयल को किसी कैरियर ऑयल के साथ मिलाकर इस्तेमाल किया जा सकता है। इसके लिए नारियल तेल या जोजोबा ऑयल जैसे तेल का इस्तेमाल किया जा सकता है। यानी रोजमेरी ऑयल को सीधे लगाने के बजाय उसे किसी उपयुक्त कैरियर ऑयल के साथ मिलाकर हेयर केयर रूटीन में शामिल करना बेहतर तरीका है।

    तीसरा विकल्प बादाम का तेल है। यह खासतौर पर सूखे और बेजान बालों के लिए उपयोगी हो सकता है। बादाम के तेल में विटामिन ई और फैटी एसिड पाए जाते हैं, जो बालों को मुलायम बनाने में मदद कर सकते हैं।

    अगर बालों में चमक कम हो गई है या वे रूखे और बेजान नजर आते हैं, तो बादाम तेल का इस्तेमाल किया जा सकता है। इससे बालों की फ्रिजीनेस कम करने और उन्हें अधिक मुलायम व चमकदार दिखाने में मदद मिल सकती है।

    इस तरह बालों की जरूरत के अनुसार इन तीनों तेलों में से विकल्प चुना जा सकता है। रूखे और फ्रिजी बालों के लिए नारियल तेल, ग्रोथ पर ध्यान देने वालों के लिए उचित तरीके से इस्तेमाल किया गया रोजमेरी ऑयल और सूखे-बेजान बालों के लिए बादाम तेल उपयोगी हो सकता है। किसी भी तेल से परेशानी या जलन होने पर उसका इस्तेमाल रोक देना चाहिए।

  • MP: CM मोहन यादव की बड़ी घोषणा- नीमच में बनेगा नया एयरपोर्ट…. स्टेडियम की भी सौगात

    MP: CM मोहन यादव की बड़ी घोषणा- नीमच में बनेगा नया एयरपोर्ट…. स्टेडियम की भी सौगात


    नीमच।
    राजस्थान (Rajasthan) की सीमा से सटे मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के नीमच (Neemuch) को जल्द ही नए एयरपोर्ट (New Airport) और खेल स्टेडियम की बड़ी सौगात मिलने जा रही है. नीमच के पास ही पड़ोसी राज्य राजस्थान के चित्तौड़गढ़, प्रतापगढ़, झालावाड़ और कोटा जैसे प्रमुख जिले स्थित हैं; ऐसे में नीमच में नए एयरपोर्ट के शुरू होने से न केवल मध्य प्रदेश के मालवा अंचल, बल्कि राजस्थान के सीमावर्ती इलाकों के साथ भी कनेक्टिविटी और व्यापार को जबरदस्त रफ्तार मिलेगी।

    रविवार को नीमच के अग्रोहा भवन में आयोजित ‘सेवा से संकल्प अभियान’ के अभिनंदन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री मोहन यादव (Chief Minister Mohan Yadav) ने यह घोषणाएं कीं. उन्होंने क्षेत्र के विकास, नागरिकों के उद्यमशीलता और हाल ही में कूनो के बाद नीमच-मंदसौर सीमा पर स्थित गांधी सागर अभ्यारण्य में शुरू हुए चीता प्रोजेक्ट को जिले की बड़ी उपलब्धि बताया।


    राजस्थान से सटे इलाकों के लिए गेम-चेंजर साबित होगा नया एयरपोर्ट

    राजस्थान के कोटा, झालावाड़, चित्तौड़गढ़ और प्रतापगढ़ जिलों से सीधा जुड़े होने के कारण नीमच में हवाई सेवाओं का विस्तार पूरे क्षेत्र के लिए व्यापारिक और पर्यटन की दृष्टि से गेम-चेंजर माना जा रहा है।


    ग्वालियर की सड़कों के सैंपल फेल, हाईकोर्ट ने निगम कमिश्नर से मांगा जवाब

    मुख्यमंत्री ने कहा कि एयरपोर्ट बनने से नीमच का सीधा जुड़ाव देश के प्रमुख आर्थिक केंद्रों से होगा. इसके अलावा, जिले में बहुउद्देशीय खेल स्टेडियम बनने से स्थानीय खेल प्रतिभाओं को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ने के बेहतर अवसर प्राप्त होंगे.


    गांधी सागर में ‘मादा चीता’ की रिहाई से बढ़ेगा पर्यटन

    प्रोजेक्ट चीता का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि नीमच जिले के खिमला क्षेत्र में मादा चीता ‘राधा’ को रिलीज किया गया है. उन्होंने कहा कि कूनो के बाद गांधी सागर को चीतों का ‘सेकंड होम’ बनाने से क्षेत्र में वाइल्डलाइफ टूरिज्म और इको-टूरिज्म को बढ़ावा मिलेगा, जिससे स्थानीय नागरिकों के लिए आजीविका के नए रास्ते खुलेंगे।

    इस अवसर पर स्थानीय विधायक दिलीप सिंह परिहार ने 2 लाख से अधिक दीप प्रज्ज्वलित कर ‘सेवा से संकल्प अभियान’ का शुभारंभ करने पर खुशी जताई और गांधी सागर बांध से किसानों को मिल रहे सिंचाई के लाभ के लिए सरकार का आभार व्यक्त किया।

  • MP: नलखेड़ा के मां बगलामुखी मंदिर में रात 8 बजे के बाद हवन पर बैन… 8 मौतों के बाद बड़ा फैसला

    MP: नलखेड़ा के मां बगलामुखी मंदिर में रात 8 बजे के बाद हवन पर बैन… 8 मौतों के बाद बड़ा फैसला


    आगर मालवा।
    आगर-मालवा जिले (Agar-Malwa district) के नलखेड़ा (Nalkheda) स्थित प्रसिद्ध सिद्धपीठ मां बगलामुखी मंदिर (Siddha Peeth Maa Baglamukhi Temple) के पास हुए दर्दनाक हादसे के बाद मंदिर में रात 8 बजे बाद हवन पर प्रतिबंध लगा दिया गया है. शासन की ओर से जारी पत्र के अनुसार, अब मंदिर में हवन रात 8 बजे से पहले ही किए जा सकेंगे।

    शनिवार को तेज बारिश के दौरान मंदिर के पास बरसाती नाले में अचानक पानी का बहाव बढ़ गया था. इसी दौरान श्रद्धालुओं से भरी एक कार तेज बहाव में बह गई. हादसे में कार सवार 8 लोगों की मौत हो गई थी. मृतकों में 7 लोग ओडिशा के रहने वाले थे, जबकि कार चालक आगर-मालवा जिले के बड़ोद का निवासी था. मृतकों में तीन बच्चे भी शामिल थे।

    हादसे के बाद मंदिर की व्यवस्थाओं और श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे थे. इसी के बाद अब रात 8 बजे के बाद हवन पर रोक लगाने का आदेश जारी किया गया है।

    जानकारी के मुताबिक, ओडिशा के सात श्रद्धालु उज्जैन दर्शन के लिए आए थे. इसके बाद उन्होंने कार किराए पर ली और मां बगलामुखी मंदिर में दर्शन के लिए नलखेड़ा पहुंचे थे. शुक्रवार रात तेज बारिश के दौरान मंदिर के पास स्थित बरसाती नाले में पानी का बहाव अचानक बढ़ गया।

    बताया गया कि कार पुलिया के पास तेज बहाव की चपेट में आ गई और करीब 100 मीटर दूर तक बह गई. नलखेड़ा में उस दौरान पिछले 24 घंटे में करीब 3.7 इंच बारिश दर्ज की गई थी।

    हादसे का पता शनिवार सुबह चला, जब स्थानीय लोगों ने नाले में पलटी हुई कार देखी. सूचना मिलने पर पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची. SDRF की मदद से कार को नाले से बाहर निकाला गया और उसमें सवार सभी 8 लोगों के शव बरामद किए गए. शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए सिविल अस्पताल भेजा गया. बाद में प्रशासन ने शवों को एंबुलेंस के जरिए उनके गृह क्षेत्र ओडिशा भिजवाया।


    मृतकों के गले में लिपटी थी लाल चुनरी

    पुलिस के मुताबिक, जब शवों को कार से बाहर निकाला गया तो सभी के गले में माता के आशीर्वाद वाली लाल चुनरी लिपटी हुई थी. बताया गया कि श्रद्धालु रात में हवन-पूजन करने के बाद लौट रहे थे।

    मृतकों की पहचान चालक अरुण पिता ब्रदीलाल गोयल निवासी सुदवास, बड़ोद, राधारानी बेहरा (33), ज्ञानेंद्र कुमार बेहरा (41), रितारानी पत्नी ज्ञानेंद्र बेहरा (38), कृष्णा राजवीर पिता शिवप्रसाद (13), शिवप्रसाद बेहरा, वी साई स्वस्तिक पिता ज्ञानेंद्र (10) और शाहीरा स्वयं प्रभा पिता शिवप्रसाद (6) के रूप में हुई है. सभी सात श्रद्धालु ओडिशा के भुवनेश्वर के रहने वाले थे।


    CCTV में एक और व्यक्ति भी बहता दिखा

    पुलिस के मुताबिक, शुरुआती जांच में हादसे की वजह तेज बारिश और नाले में अचानक बढ़ा पानी सामने आया है. मंदिर और आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है।

    CCTV फुटेज में हादसे से पहले करीब 11 बजे एक व्यक्ति पैदल तेज बहाव वाले रास्ते को पार करता दिखाई दिया. बताया गया कि वह भी नाले के बहाव में बह गया. फिलहाल उसका कोई पता नहीं चल पाया है।


    हादसे के बाद उठे सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल

    हादसे के बाद नलखेड़ा में लोगों में आक्रोश भी देखने को मिला. बड़ी संख्या में लोग घटनास्थल पर पहुंचे और अंबेडकर चौराहे पर चक्काजाम किया. दुकानों को भी बंद कराया गया।

    स्थानीय स्तर पर सवाल उठाए गए कि शुक्रवार रात करीब 9 बजे से 12 बजे तक तेज बारिश के दौरान जब मंदिर मार्ग का नाला उफान पर था, तब वहां सुरक्षा के इंतजाम क्यों नहीं किए गए. आरोप है कि नाले के दोनों ओर बेरिकेडिंग नहीं थी और सुरक्षा जवान भी मौजूद नहीं थे।

    स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर तेज बहाव के दौरान रास्ते को बेरिकेडिंग लगाकर बंद कर दिया जाता या सुरक्षा जवान तैनात रहते तो हादसे को रोका जा सकता था. हालांकि, हादसे की जिम्मेदारी और कारणों को लेकर पुलिस-प्रशासन की जांच जारी है।

    मुख्यमंत्री मोहन यादव (Chief Minister Mohan Yadav) ने हादसे पर दुख जताते हुए मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रुपये की आर्थिक सहायता मंजूर की है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी संवेदना व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों के लिए 2-2 लाख रुपये की सहायता की घोषणा की. ओडिशा के मुख्यमंत्री ने भी घटना पर शोक जताया।

  • 10 मीटर एयर राइफल में भारत का सटीक निशाना! रुद्रांक्ष हिमांशु और पार्थ ने सिल्वर जीतकर बढ़ाया देश का मान

    10 मीटर एयर राइफल में भारत का सटीक निशाना! रुद्रांक्ष हिमांशु और पार्थ ने सिल्वर जीतकर बढ़ाया देश का मान

    नई दिल्ली। एशियन गेम्स 2026 में भारतीय निशानेबाजों का शानदार प्रदर्शन लगातार जारी है। शूटिंग रेंज से भारत के लिए एक और बड़ी खुशखबरी सामने आई है। पुरुषों की 10 मीटर एयर राइफल टीम स्पर्धा में रुद्रांक्ष बालासाहेब पाटिल हिमांशु ढिल्लों और पार्थ राकेश माने की तिकड़ी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए भारत की झोली में सिल्वर मेडल डाल दिया। 21 सितंबर को हुए मुकाबले में भारतीय टीम ने कुल 1890.1 अंक हासिल किए और दूसरे स्थान पर रहते हुए रजत पदक अपने नाम किया।

    भारत की इस टीम को चीन की मजबूत चुनौती का सामना करना पड़ा। चीन ने 1899.0 अंक हासिल कर गोल्ड मेडल जीता। चीन का स्कोर विश्व रिकॉर्ड के रूप में भी दर्ज हुआ। भारत और चीन के बीच 8.9 अंकों का अंतर रहा। दक्षिण कोरिया ने तीसरा स्थान हासिल किया। इस पदक के साथ एशियन गेम्स 2026 में भारत के खाते में शूटिंग से तीन मेडल हो गए थे।

    भारतीय टीम के लिए रुद्रांक्ष पाटिल ने सबसे ज्यादा 631.8 अंक जुटाए। हिमांशु ढिल्लों ने 630.0 अंक हासिल किए जबकि पार्थ माने ने 628.3 अंकों का योगदान दिया। तीनों निशानेबाजों के संयुक्त प्रदर्शन ने भारत को पोडियम तक पहुंचाया। खास बात यह रही कि टीम स्पर्धा के प्रदर्शन ने व्यक्तिगत मुकाबले के लिए भी भारत की उम्मीदें बढ़ा दीं। रुद्रांक्ष और हिमांशु ने पुरुषों की 10 मीटर एयर राइफल व्यक्तिगत स्पर्धा के फाइनल में भी जगह बनाई।

    रुद्रांक्ष ने क्वालिफिकेशन में 631.8 अंक के साथ तीसरा स्थान हासिल किया जबकि हिमांशु 630.0 अंक के साथ सातवें स्थान पर रहे। पार्थ माने 628.3 अंक के साथ 11वें स्थान पर रहे और व्यक्तिगत फाइनल के लिए क्वालिफाई नहीं कर सके। हालांकि टीम इवेंट में उनके योगदान ने भारत के सिल्वर मेडल में अहम भूमिका निभाई।

    भारत के लिए एशियन गेम्स के शूटिंग अभियान की शुरुआत भी शानदार रही थी। इससे पहले महिलाओं की 10 मीटर एयर राइफल टीम स्पर्धा में इलावेनिल वलारिवन सोनम मस्कर और विदर्सा विनोद की टीम ने सिल्वर मेडल जीता था। इसके अलावा इलावेनिल ने महिलाओं की 10 मीटर एयर राइफल व्यक्तिगत स्पर्धा में भी रजत पदक हासिल किया था। इस तरह पुरुष टीम के सिल्वर ने शूटिंग में भारत की पदक यात्रा को और मजबूत किया।

    इसके बाद पुरुषों की व्यक्तिगत 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा में भी भारत को बड़ी सफलता मिली। हिमांशु ढिल्लों ने सिल्वर और रुद्रांक्ष पाटिल ने ब्रॉन्ज मेडल जीता जबकि चीन के शेंग लिहाओ ने गोल्ड हासिल किया। यानी एक ही दिन भारत के इन दोनों निशानेबाजों ने टीम स्पर्धा के बाद व्यक्तिगत मुकाबले में भी पोडियम पर जगह बनाई।

    भारतीय शूटिंग दल का यह प्रदर्शन एशियन गेम्स 2026 में देश के अभियान के लिए महत्वपूर्ण साबित हो रहा है। रुद्रांक्ष हिमांशु और पार्थ की टीम ने दबाव के बीच सटीक निशाने लगाकर भारत को एक और रजत पदक दिलाया है और शूटिंग में भारतीय खिलाड़ियों की मजबूत चुनौती को कायम रखा है।