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  • आज का दिन कैसा रहेगा: पंचांग में जानिए शुभ मुहूर्त ग्रहों की चाल और दिनभर का प्रभाव

    आज का दिन कैसा रहेगा: पंचांग में जानिए शुभ मुहूर्त ग्रहों की चाल और दिनभर का प्रभाव


    नई दिल्ली। हिंदू पंचांग के अनुसार आज सोमवार 2 फरवरी 2026 को माघ मास के कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा तिथि है। यह तिथि पूर्णिमा के बाद प्रारंभ होती है और इसे आत्मविश्लेषण संयम और मानसिक स्थिरता के लिए उपयुक्त माना जाता है। सोमवार का दिन होने के कारण आज भगवान शिव की आराधना का विशेष महत्व बताया गया है। ग्रहों की स्थिति भी आज सकारात्मक संकेत दे रही है।

    आज कृष्ण प्रतिपदा तिथि रात्रि 1 बजकर 52 मिनट तक रहेगी। दिन के प्रारंभ में आयुष्मान योग प्रभावी रहेगा जो स्वास्थ्य और दीर्घायु से जुड़ा शुभ योग माना जाता है। इसके बाद सौभाग्य योग का संयोग बनेगा जो सफलता सौभाग्य और सकारात्मक परिणामों का संकेत देता है। करण के रूप में दिन के पहले भाग में बालव और बाद में कौलव करण प्रभाव में रहेगा।

    ग्रहों की स्थिति की बात करें तो आज सूर्य मकर राशि में स्थित हैं। इससे कार्यक्षेत्र में अनुशासन जिम्मेदारी और स्थायित्व का प्रभाव देखने को मिल सकता है। वहीं चंद्रमा पूरे दिन कर्क राशि में संचरण करेंगे और रात्रि 10 बजकर 47 मिनट तक इसी राशि में रहेंगे। चंद्रमा की यह स्थिति भावनात्मक संतुलन पारिवारिक विषयों और घरेलू मामलों को प्राथमिकता देती है।

    आज सूर्य का उदय प्रातः 7 बजकर 9 मिनट पर और सूर्यास्त सायं 6 बजकर 1 मिनट पर होगा। चंद्रोदय सायं 6 बजकर 33 मिनट पर और चंद्रास्त प्रातः 7 बजकर 27 मिनट पर होगा।नक्षत्र की बात करें तो आज चंद्रमा आश्लेषा नक्षत्र में स्थित रहेंगे। यह नक्षत्र तीव्र बुद्धि रणनीतिक सोच और गूढ़ विषयों से जुड़ा माना जाता है। इस नक्षत्र में किए गए कार्यों में सावधानी और विवेक की आवश्यकता होती है। आश्लेषा नक्षत्र के स्वामी बुध देव हैं जबकि इसके अधिष्ठाता देवता नाग माने गए हैं।

    आज के शुभ मुहूर्तों की बात करें तो धार्मिक कार्य पूजा पाठ ध्यान और जप के लिए दोपहर और रात्रि का समय अनुकूल माना गया है। अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12 बजकर 13 मिनट से 12 बजकर 57 मिनट तक रहेगा। वहीं अमृत काल रात्रि 9 बजकर 16 मिनट से 10 बजकर 47 मिनट तक रहेगा। इन समयों में किए गए कार्यों से सकारात्मक फल मिलने की मान्यता है।

    अशुभ काल में राहुकाल प्रातः 8 बजकर 30 मिनट से 9 बजकर 52 मिनट तक रहेगा। यमगण्ड प्रातः 11 बजकर 13 मिनट से 12 बजकर 35 मिनट तक और गुलिकाल दोपहर 1 बजकर 56 मिनट से 3 बजकर 18 मिनट तक रहेगा। इस दौरान नए कार्य शुरू करने से बचना उचित माना गया है।दिन के लिए विशेष सुझाव यह है कि सोमवार के कारण शिवलिंग पर जल अर्पित करना लाभकारी रहेगा। मन की शांति के लिए ध्यान जप और मौन साधना उपयुक्त रहेगी। हल्का सात्विक भोजन और सकारात्मक सोच अपनाने से दिन और भी शुभ बन सकता है।

  • भोलेनाथ की पूजा से मानसिक तनाव और आर्थिक परेशानियों में मिलती है राहत

    भोलेनाथ की पूजा से मानसिक तनाव और आर्थिक परेशानियों में मिलती है राहत


    नई दिल्ली। सोमवार का दिन भगवान शिव को समर्पित माना जाता है धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस दिन नियमपूर्वक और श्रद्धा भाव से की गई शिव पूजा से जीवन के कष्ट धीरे धीरे दूर होने लगते हैं मान्यता है कि भोलेनाथ की आराधना से न केवल मन को शांति मिलती है बल्कि नौकरी धन स्वास्थ्य और पारिवारिक जीवन से जुड़ी परेशानियों में भी सकारात्मक बदलाव देखने को मिलता है

    शास्त्रों के अनुसार सोमवार को शिवलिंग पर जल दूध या गंगाजल अर्पित करना विशेष फलदायी माना गया है पूजा के दौरान सफेद वस्त्र धारण करना मन को शांत रखना और शिव मंत्रों का जाप करना अत्यंत शुभ माना जाता है संध्या समय दीपक प्रज्ज्वलित करने से पूजा पूर्ण मानी जाती है

    सोमवार को प्रातः शिव मंदिर जाकर शिवलिंग का अभिषेक करने से साधक की मनोकामनाएं पूर्ण होने की धार्मिक मान्यता है जल के साथ दूध शहद घी या दही से अभिषेक करने से भगवान शिव शीघ्र प्रसन्न होते हैं और जीवन की बाधाएं दूर होती हैंभगवान शिव को बेलपत्र अत्यंत प्रिय है तीन पत्तियों वाला बेलपत्र सफेद पुष्प अक्षत और धतूरा अर्पित करने से सुख समृद्धि और पारिवारिक शांति में वृद्धि मानी जाती है यह उपाय विशेष रूप से गृह क्लेश और मानसिक अशांति को दूर करने के लिए किया जाता है

    सोमवार की संध्या शिव मंदिर में देसी घी का दीपक जलाने से नकारात्मक ऊर्जा का प्रभाव कम होता है और आर्थिक स्थिति में सुधार के योग बनते हैं इसके साथ ही ॐ नमः शिवाय या महामृत्युंजय मंत्र का 108 बार जाप करने से भय तनाव और रोगों से राहत मिलने की धार्मिक मान्यता है इस दिन दान का भी विशेष महत्व बताया गया है दूध दही चावल चीनी या रुद्राक्ष का दान करने से पुण्य फल की प्राप्ति होती है और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है

    यदि नौकरी या कार्यक्षेत्र में लगातार बाधाएं आ रही हों तो शिवलिंग पर शहद अर्पित करना लाभकारी माना जाता है वहीं दांपत्य जीवन में मधुरता और वैवाहिक सुख के लिए शिव पार्वती की संयुक्त पूजा कर ॐ गौरी शंकराय नमः मंत्र का जप किया जाता हैधार्मिक मान्यताओं के अनुसार सोमवार की शिव आराधना व्यक्ति को धैर्य आत्मबल और सकारात्मक दृष्टिकोण प्रदान करती है नियमित रूप से की गई यह साधना जीवन में संतुलन और स्थिरता लाने में सहायक मानी जाती है

  • फरवरी में राहु–मंगल की युति से बनेगा अंगारक योग, मेष तुला और कुंभ के लिए बढ़ेगी चुनौती..

    फरवरी में राहु–मंगल की युति से बनेगा अंगारक योग, मेष तुला और कुंभ के लिए बढ़ेगी चुनौती..


    नई दिल्ली। फरवरी महीने में ग्रहों की चाल में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा जिसका असर ज्योतिषीय दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है इस दौरान राहु और मंगल एक ही राशि में आकर युति बनाएंगे जिससे एक उग्र और अशुभ अंगारक योग का निर्माण होगा ज्योतिष शास्त्र के अनुसार यह योग जल्दबाजी गुस्सा मानसिक तनाव और अप्रत्याशित घटनाओं की संभावना को बढ़ाता है

    ज्योतिषीय गणनाओं के मुताबिक 23 फरवरी को मंगल का गोचर कुंभ राशि में होगा जहां पहले से ही राहु विराजमान हैं इन दोनों ग्रहों की युति सामान्य तौर पर अशांति टकराव और गलत निर्णयों को जन्म देती है ऐसे में यह समय कई राशियों के लिए धैर्य और संयम की परीक्षा लेने वाला साबित हो सकता है

    मेष राशि के जातकों के लिए यह योग विशेष सावधानी का संकेत दे रहा है कार्यक्षेत्र में रुकावटें आ सकती हैं अधूरे कामों में देरी होगी और अचानक खर्च बढ़ सकता है सहकर्मियों या अधिकारियों से विवाद की स्थिति बन सकती है इस दौरान वाहन चलाते समय खास सतर्कता बरतने की सलाह दी जा रही है क्योंकि जल्दबाजी दुर्घटना का कारण बन सकती है

    तुला राशि वालों के लिए यह समय मानसिक दबाव और स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां बढ़ा सकता है अनावश्यक चिंता नींद की कमी और निर्णय लेने में असमंजस की स्थिति बनी रह सकती है पारिवारिक रिश्तों में गलतफहमी उत्पन्न हो सकती है व्यापार या निवेश से जुड़े फैसलों में जल्दबाजी नुकसान का कारण बन सकती है इसलिए सोच समझकर कदम उठाना जरूरी होगा

    कुंभ राशि के जातकों पर इस योग का प्रभाव अपेक्षाकृत अधिक बताया जा रहा है क्योंकि यह योग इसी राशि में बन रहा है आर्थिक मामलों में लापरवाही भारी पड़ सकती है लेनदेन दस्तावेजों और नए समझौतों में विशेष सावधानी की जरूरत होगी घर और कार्यस्थल पर छोटी छोटी बातों को लेकर विवाद बढ़ सकता है इसलिए संयमित व्यवहार अपनाना लाभकारी रहेगाज्योतिषाचार्यों के अनुसार ऐसे अशुभ योग के दौरान घबराने की बजाय संतुलित दिनचर्या अपनाना सबसे बेहतर उपाय माना जाता है नियमित पूजा पाठ ध्यान और सकारात्मक सोच से मानसिक स्थिरता बनी रहती है साथ ही इस दौरान जोखिम भरे फैसलों अनावश्यक बहस और क्रोध से दूरी बनाकर रखना चाहिए

    विशेषज्ञों का मानना है कि ग्रह योग भविष्य के प्रति चेतावनी देते हैं न कि निश्चित संकट समय रहते सतर्कता आत्मनियंत्रण और समझदारी अपनाकर नकारात्मक प्रभावों को काफी हद तक कम किया जा सकता है फरवरी में बनने वाला यह अंगारक योग भी यही संदेश देता है कि धैर्य और विवेक से परिस्थितियों को अपने पक्ष में मोड़ा जा सकता है

  • गोरखपुर में रामकथा के बीच 'युद्धघोष': टीम को मिली धमकी पर भड़के राजन जी महाराज, मंच से दी खुली चुनौती किसने मां का दूध पिया है?

    गोरखपुर में रामकथा के बीच 'युद्धघोष': टीम को मिली धमकी पर भड़के राजन जी महाराज, मंच से दी खुली चुनौती किसने मां का दूध पिया है?


    गोरखपुर। उत्तर प्रदेश के गोरखपुर स्थित चंपा देवी पार्क में चल रही भव्य रामकथा के दौरान सोमवार को एक ऐसी घटना घटी, जिसने हजारों श्रद्धालुओं को स्तब्ध कर दिया। प्रसिद्ध कथावाचक राजन जी महाराज अपनी टीम के सदस्यों को मिली ‘गोली मारने की धमकी’ पर इस कदर आहत और क्रोधित हुए कि उन्होंने व्यासपीठ की मर्यादा के साथ साथ एक साहसी योद्धा की तरह मंच से ही चुनौती दे डाली। महाराज का यह बयान कौन मारेगा गोली, किसने मां का दूध पिया है अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

    विवाद की जड़: मंच पर चढ़ने की होड़ और अभद्रता जानकारी के अनुसार, विवाद की शुरुआत बेहद मामूली बात से हुई थी। कथा के दौरान कुछ लोग बार-बार मंच पर चढ़ने का प्रयास कर रहे थे। अव्यवस्था को देखते हुए जब महाराज की टीम के सदस्यों ने उन्हें रोकने की कोशिश की, तो बहस बढ़ गई। आरोप है कि इस दौरान कुछ अराजक तत्वों ने न केवल बदतमीजी की, बल्कि राजन जी महाराज के सहयोगियों और उनके परिवार तक को जान से मारने की धमकी दे डाली।

    16 साल के सफर में पहली बार मिली ऐसी चुनौती मंच से अपनी व्यथा सुनाते हुए राजन जी महाराज भावुक हो उठे। उन्होंने कहा कि अपने 16 वर्षों के कथावाचन के सफर में उन्होंने आज तक ऐसी मर्यादाहीन स्थिति का सामना नहीं किया। उन्होंने सार्वजनिक रूप से खुलासा किया कि उनके एक सहयोगी को गोली मारने की धमकी दी गई है। महाराज ने कड़े शब्दों में कहा, “हम यहाँ प्रेम और श्रद्धा की गंगा बहाने आए हैं, लेकिन अगर कोई हमारे सहयोगियों को डराने की कोशिश करेगा, तो हम पीछे नहीं हटेंगे। गोली मारकर दिखाओ, किसने मां का दूध पिया है!

    आयोजकों की समझाइश के बाद शुरू हुई कथा धमकी और अव्यवस्था से आहत होकर राजन जी महाराज ने शुरुआत में कथा आगे बढ़ाने से मना कर दिया था। कार्यक्रम में तनावपूर्ण स्थिति देख आयोजकों और स्थानीय प्रशासन ने तुरंत हस्तक्षेप किया। काफी मान मनौव्वल और सुरक्षा के पुख्ता आश्वासन के बाद महाराज दोबारा व्यासपीठ पर बैठे। उन्होंने श्रोताओं से मर्यादा बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि वे केवल भक्ति का संदेश देने आए हैं, किसी विवाद का हिस्सा बनने नहीं।

    फिलहाल, पुलिस इस पूरे मामले की जांच कर रही है और मंच के पास सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। सोशल मीडिया पर लोग राजन जी महाराज के इस साहसी स्टैंड की सराहना कर रहे हैं, तो कुछ लोग धार्मिक आयोजनों में ऐसी अव्यवस्था पर चिंता जता रहे हैं।

  • बजट सत्र के पहले दिन तेजस्वी यादव व्हीलचेयर पर पहुंचे, जानिए वजह

    बजट सत्र के पहले दिन तेजस्वी यादव व्हीलचेयर पर पहुंचे, जानिए वजह


    नई दिल्ली। बिहार विधानसभा का बजट सत्र आज 2 फरवरी 2026 से शुरू हो गया और पहले दिन ही चर्चा का केंद्र बने नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव। उन्हें व्हीलचेयर पर विधानसभा परिसर में आते देखा गया।  RJD ने स्थिति स्पष्ट करते हुए बताया कि तेजस्वी यादव के पैर में चोट लगी है। पार्टी के अनुसार यह चोट 25 जनवरी को लगी थी, जिससे उनके पैर के अंगूठे का नाखून उखड़ गया। चोट के कारण उन्हें चलने और लंबे समय तक खड़े रहने में कठिनाई हो रही है। तेजस्वी यादव फिलहाल डॉक्टरों की निगरानी में हैं और धीरे-धीरे ठीक हो रहे हैं। यही वजह है कि उन्होंने विधानसभा में व्हीलचेयर का इस्तेमाल किया।

    बजट सत्र का पहला दिन
    सत्र के पहले दिन राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने दोनों सदनों के सदस्यों को संयुक्त रूप से सेंट्रल हॉल में संबोधित किया। वित्त मंत्री बिजेन्द्र प्रसाद यादव 3 फरवरी को वर्ष 2026-27 का बजट पेश करेंगे। इस बजट सत्र में न केवल वित्तीय मुद्दों पर चर्चा होगी बल्कि विकास योजनाओं और विभिन्न विभागों के बजट पर भी बहस होगी। यह सत्र 27 फरवरी तक चलेगा।

    विपक्ष की एकजुटता पर रहेगी नजर

    तेजस्वी यादव को शीतकालीन सत्र में नेता प्रतिपक्ष चुना गया था, लेकिन कांग्रेस ने RJD से दूरी बनाकर अलग रणनीति अपनाई है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि बजट सत्र में विपक्ष एकजुट होकर मुद्दों पर आवाज उठाता है या अलग-अलग रुख अपनाता है। AIMIM पहले ही विपक्ष से अलग हो चुकी है।

  • श्रद्धा, आस्था और रहस्य का अद्भुत संगम है बोरेश्वर महादेव मंदिर, रात में दर्शन को आते हैं नंदी महाराज

    श्रद्धा, आस्था और रहस्य का अद्भुत संगम है बोरेश्वर महादेव मंदिर, रात में दर्शन को आते हैं नंदी महाराज


    नई दिल्ली। उज्जैन और काशी को बाबा महाकाल की धरती के रूप में पूजा जाता है जहां हर मंदिर से कोई न कोई धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व जुड़ा हुआ है। उज्जैन की पावन भूमि पर बाबा महाकाल के अलावा भगवान शिव का एक और अद्भुत और रहस्यमयी स्वरूप विराजमान है जिसे बोरेश्वर महादेव के नाम से जाना जाता है। मान्यता है कि यहां केवल दर्शन मात्र से ही 12 ज्योतिर्लिंगों के दर्शन का फल प्राप्त हो जाता है।

    उज्जैन जिले के दंगवाड़ा गांव में स्थित बोरेश्वर महादेव मंदिर अन्य शिव मंदिरों से बिल्कुल अलग है। जहां अधिकांश मंदिरों में भगवान शिव शिवलिंग के रूप में पूजे जाते हैं वहीं यहां शिवलिंग बोर के आकार की आकृति में स्थापित है। यह शिवलिंग बेलनाकार लंबा और गोल दिखाई देता है और जमीन के ऊपर नहीं बल्कि नीचे की ओर धंसा हुआ है।

    यह मंदिर अत्यंत प्राचीन माना जाता है और इसकी ऐतिहासिक जड़ें ताम्र पाषाण काल से लेकर गुप्त काल तक फैली हुई बताई जाती हैं। मंदिर के गर्भगृह में विराजमान भगवान बोरेश्वर महादेव स्वयंभू हैं। मंदिर की सबसे अनोखी विशेषता इसकी जलाधारी है जिसमें कितना भी जल अर्पित किया जाए उसका स्तर कभी न बढ़ता है और न ही घटता है। यह रहस्य आज तक वैज्ञानिकों के लिए भी एक पहेली बना हुआ है।

    स्थानीय मान्यताओं के अनुसार इस मंदिर में 12 ज्योतिर्लिंगों का समावेश है। यही कारण है कि दूर-दूर से श्रद्धालु यहां दर्शन के लिए पहुंचते हैं। कहा जाता है कि मंदिर में रात के समय चमत्कार होते हैं। भक्तों का विश्वास है कि रात्रि में नंदी महाराज स्वयं भगवान के दर्शन के लिए मंदिर आते हैं और उस दौरान मंदिर की घंटियां अपने आप बजने लगती हैं।मंदिर के समीप से चंबल नदी भी गुजरती है जो शिवलिंग की पूरी परिक्रमा नहीं बल्कि आधी परिक्रमा करती है। इसे भगवान शिव के सोमसूत्र के नियम का पालन माना जाता है जो इस स्थान को और भी रहस्यमयी बनाता है।

    महाशिवरात्रि के अवसर पर बोरेश्वर महादेव मंदिर में विशेष शृंगार किया जाता है और बाबा की भव्य सवारी नगर भ्रमण के लिए निकलती है जो वापस मंदिर में आकर संपन्न होती है। मान्यता है कि इस दौरान भगवान शिव स्वयं नगर में भ्रमण कर भक्तों को आशीर्वाद देते हैं। सावन मास में भी प्रत्येक सोमवार को बाबा की सवारी निकलती है जिसमें शामिल होने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु दूर-दूर से आते हैं।

  • शेयर बाजार में जबरदस्त उछाल, सेंसेक्स 943 अंकों की तेजी के साथ बंद

    शेयर बाजार में जबरदस्त उछाल, सेंसेक्स 943 अंकों की तेजी के साथ बंद


    नई दिल्ली ।भारतीय शेयर बाजार ने सोमवार के कारोबारी सत्र में जबरदस्त तेजी दिखाई और दिन के अंत में मजबूत बढ़त के साथ बंद हुआ। कारोबार समाप्त होने पर बीएसई सेंसेक्स 943.52 अंक या 1.17 प्रतिशत की तेजी के साथ 81,666.46 के स्तर पर बंद हुआ। वहीं एनएसई निफ्टी 262.95 अंक या 1.06 प्रतिशत की बढ़त के साथ 25,088.40 पर पहुंच गया।

    बाजार में इस तेजी का नेतृत्व इन्फ्रास्ट्रक्चर और ऑटो सेक्टर के शेयरों ने किया। सेक्टोरल फ्रंट पर निफ्टी इन्फ्रा 2.26 प्रतिशत, निफ्टी ऑटो 2.13 प्रतिशत, निफ्टी पीएसई 2.04 प्रतिशत, निफ्टी ऑयल एंड गैस 2.04 प्रतिशत, निफ्टी मेटल 1.88 प्रतिशत और निफ्टी कमोडिटीज 1.87 प्रतिशत की मजबूती के साथ बंद हुए।हालांकि आईटी और हेल्थकेयर सेक्टर में हल्की कमजोरी देखने को मिली। निफ्टी आईटी 0.47 प्रतिशत और निफ्टी हेल्थकेयर 0.08 प्रतिशत की गिरावट के साथ बंद हुआ।

    लार्जकैप के साथ-साथ मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी अच्छी तेजी दर्ज की गई। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 546.80 अंक या 0.96 प्रतिशत की बढ़त के साथ 57,667.60 पर बंद हुआ जबकि निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 105.20 अंक या 0.64 प्रतिशत की तेजी के साथ 16,523.35 के स्तर पर पहुंच गया।सेंसेक्स के 30 शेयरों में पावर ग्रिड, अदाणी पोर्ट्स, बीईएल, महिंद्रा एंड महिंद्रा, एलएंडटी, इंडिगो, अल्ट्राटेक सीमेंट, एशियन पेंट्स, आईटीसी, बजाज फिनसर्व, टाटा स्टील, एनटीपीसी, आईसीआईसीआई बैंक और मारुति सुजुकी प्रमुख गेनर्स रहे। वहीं एक्सिस बैंक, इन्फोसिस, टीसीएस, ट्रेंट, टाइटन और कोटक महिंद्रा बैंक नुकसान में बंद हुए।

    एलकेपी सिक्योरिटीज के सीनियर टेक्निकल एनालिस्ट रूपक दे के अनुसार, हालिया गिरावट के बाद निफ्टी में मजबूत उछाल देखने को मिला है, हालांकि व्यापक ट्रेंड अभी भी कमजोर बना हुआ है। उनका कहना है कि इंडेक्स अभी भी 200 डीएमए से नीचे है और किसी भी तेजी का इस्तेमाल लीवरेज पोजीशन घटाने और शॉर्ट पोजीशन बनाने में करना चाहिए। निफ्टी के लिए 25,200 का स्तर रुकावट और 24,900 का स्तर सपोर्ट माना जा रहा है।

    गौरतलब है कि मिले-जुले वैश्विक संकेतों के बीच बाजार की शुरुआत कमजोर रही थी। सेंसेक्स 167 अंक की गिरावट के साथ खुला था और निफ्टी भी लाल निशान में था, लेकिन कुछ ही मिनटों में बाजार ने वापसी करते हुए हरे निशान में कारोबार शुरू कर दिया।

  • कैसा होता है टाइप-8 सरकारी बंगला, जिसमें शिफ्ट होंगे नितिन नवीन? जानें इसकी खासियत

    कैसा होता है टाइप-8 सरकारी बंगला, जिसमें शिफ्ट होंगे नितिन नवीन? जानें इसकी खासियत


    नई दिल्‍ली । दिल्ली के लुटियंस जोन में बने कुछ सरकारी बंगले सिर्फ घर नहीं होते, वे सत्ता, जिम्मेदारी और व्यवस्था का प्रतीक माने जाते हैं. इन्हीं में शामिल है टाइप-8 सरकारी बंगला, जिसकी चर्चा इन दिनों तेज है. सवाल है कि ऐसा क्या खास होता है इस बंगले में, जिसे हर किसी को नहीं बल्कि चुनिंदा संवैधानिक और राजनीतिक पदों पर बैठे लोगों को ही मिलता है? आइए जानते हैं उस घर की कहानी के बारे में, जिसमें नितिन नवीन शिफ्ट होने जा रहे हैं.

    नितिन नवीन को मिला नया सरकारी आवास

    भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नवीन नए साल में दिल्ली शिफ्ट होने जा रहे हैं. उन्हें लुटियंस दिल्ली के सुनेहरी बाग रोड पर स्थित बंगला नंबर 9 आवंटित किया गया है. यह बंगला टाइप-8 श्रेणी में आता है, जिसे केंद्र सरकार के सबसे बड़े और प्रतिष्ठित सरकारी आवासों में गिना जाता है. जिसमें वे औपचारिक रूप से इस आवास में प्रवेश करेंगे.

    क्या होता है टाइप-8 सरकारी बंगला?

    टाइप-8 बंगला केंद्र सरकार की आवासीय व्यवस्था की सबसे ऊंची श्रेणी मानी जाती है. यह बंगला आमतौर पर सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीशों, पूर्व राष्ट्रपतियों, राष्ट्रीय राजनीतिक दलों के अध्यक्षों और बेहद वरिष्ठ संवैधानिक पदों पर बैठे लोगों को ही दिया जाता है. इन बंगलों का कुल क्षेत्रफल करीब 8000 से 8500 वर्ग फुट तक होता है, जो इसे बेहद विशाल बनाता है.

    अंदर से कैसा होता है यह बंगला?

    टाइप-8 बंगले में आम तौर पर 8 बड़े कमरे होते हैं. इनमें 5 से 6 बेडरूम, एक विशाल ड्राइंग रूम, अलग डाइनिंग एरिया, स्टडी रूम और आधुनिक किचन शामिल होती है. इसके अलावा निजी गैराज, स्टोर रूम और स्टाफ क्वार्टर की भी अलग व्यवस्था होती है. बंगले के चारों ओर फैला हरा-भरा लॉन इसे और खास बनाता है.

    सुरक्षा व्यवस्था रहती है बेहद मजबूत

    टाइप-8 बंगलों की सुरक्षा आम सरकारी आवासों से कहीं ज्यादा कड़ी होती है. यहां 24 घंटे सुरक्षाकर्मी तैनात रहते हैं. पूरे परिसर में आधुनिक CCTV कैमरे लगे होते हैं और निगरानी के लिए कंट्रोल रूम की व्यवस्था भी होती है. मेहमानों और कर्मचारियों के लिए अलग प्रवेश और ठहरने की जगह बनाई जाती है, ताकि गोपनीयता और सुरक्षा बनी रहे.

    ब्रिटिश दौर की वास्तुकला की पहचान

    लुटियंस दिल्ली में बने टाइप-8 बंगले ब्रिटिश काल की स्थापत्य शैली को आज भी जीवित रखते हैं. ऊंची छतें, चौड़े बरामदे, मजबूत दीवारें और बड़े दरवाजे इनकी पहचान हैं. इन बंगलों के आसपास पुराने पेड़, खुली जगह और शांत वातावरण होता है, जो दिल्ली के बाकी हिस्सों से इन्हें अलग बनाता है.

    लुटियंस जोन में कहां-कहां हैं ये बंगले?

    दिल्ली का लुटियंस जोन देश का सबसे वीआईपी इलाका माना जाता है. टाइप-8 बंगले जनपथ, अकबर रोड, मोतीलाल नेहरू मार्ग, सुनेहरी बाग रोड, सफदरजंग रोड, कृष्ण मेनन मार्ग, त्यागराज मार्ग और तुगलक रोड जैसे इलाकों में स्थित हैं. ये सभी जगहें संसद भवन, राष्ट्रपति भवन और प्रमुख मंत्रालयों के बेहद करीब हैं.

    कितने हैं टाइप-8 बंगले?

    लुटियंस दिल्ली में कुल तीन हजार से ज्यादा सरकारी आवास मौजूद हैं, जिनमें अलग-अलग श्रेणियों के फ्लैट और बंगले शामिल हैं. इनमें से टाइप-8 बंगले सबसे कम संख्या में हैं. जानकारी के अनुसार, ऐसे बंगलों की संख्या करीब 100 से कुछ अधिक है, यही वजह है कि इन्हें मिलना अपने आप में खास माना जाता है.

  • भारत की आबादी ही उसकी सबसे बड़ी आर्थिक ताकत है: अर्जेंटीना के राजदूत मारियानो कॉसिनो

    भारत की आबादी ही उसकी सबसे बड़ी आर्थिक ताकत है: अर्जेंटीना के राजदूत मारियानो कॉसिनो


    नई दिल्ली ।अमेरिका में अर्जेंटीना के राजदूत मारियानो अगस्टिन कॉसिनो ने भारतीय अर्थव्यवस्था की मजबूती को लेकर बड़ा बयान दिया है। न्यूज एजेंसी आईएएनएस के साथ खास बातचीत में उन्होंने कहा कि भारत की सबसे बड़ी आर्थिक ताकत उसकी विशाल आबादी है। उनके अनुसार भारत न केवल दुनिया का सबसे अधिक आबादी वाला देश है बल्कि यहां के लोगों में टैलेंट और क्रिएटिव सोच की भी अपार संभावनाएं मौजूद हैं।

    राजदूत कॉसिनो ने कहा कि जब भारत सरकार ने पाबंदियां, सीमाएं और अनावश्यक रेगुलेशन हटाए तो भारतीय लोगों की क्षमताएं खुलकर सामने आईं। यही वजह है कि पिछले दस से पंद्रह वर्षों में भारत ने उल्लेखनीय आर्थिक प्रगति की है। उन्होंने कहा कि भारत की असली ताकत उसके लोग हैं और यही उसे आगे बढ़ा रही है।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृष्टिकोण पर बात करते हुए अर्जेंटीना के राजदूत ने कहा कि पीएम मोदी को बड़ी सफलता मिली है क्योंकि भारत की अर्थव्यवस्था पिछले एक दशक में छह से आठ प्रतिशत की दर से बढ़ी है। उन्होंने इसे आर्थिक नीति और विनियमन में ढील का सफल उदाहरण बताया।

    कॉसिनो ने यह भी साझा किया कि जब प्रधानमंत्री मोदी अर्जेंटीना गए थे तब उन्हें राष्ट्रपति जेवियर माइली के साथ हुई बैठक में शामिल होने का अवसर मिला था। इस दौरान विनियमन में ढील अनावश्यक नियमों को हटाने और लोगों को कम से कम सरकारी हस्तक्षेप के साथ आगे बढ़ने का मौका देने जैसे विषयों पर चर्चा हुई थी।भारत में विदेशी निवेश को लेकर पूछे गए सवाल पर राजदूत ने कहा कि वह भारत को यह बताने की स्थिति में नहीं हैं कि उसे क्या करना चाहिए क्योंकि यह एक घरेलू नीति का विषय है। हालांकि उन्होंने यह जरूर कहा कि जब देश अपनी अर्थव्यवस्था खोलते हैं और ज्यादा उत्पादों को आने की अनुमति देते हैं तो इसका फायदा उपभोक्ताओं और घरेलू खपत दोनों को मिलता है।

    उन्होंने आगे कहा कि भारत इस दिशा में अच्छा काम कर रहा है और अर्जेंटीना भारत की खाद्य सुरक्षा और ऊर्जा सुरक्षा में और अधिक योगदान देने के लिए तैयार है। उनके अनुसार भारत और अर्जेंटीना की अर्थव्यवस्थाएं एक-दूसरे के लिए पूरक हैं और यह रणनीतिक साझेदारी आने वाले वर्षों में और मजबूत हो सकती है।

  • 'Mardaani 3 Box Office Collection Day 3: Rani Mukerji की वापसी धमाकेदार, फिल्म ने तीसरे दिन भी दिखाई बढ़त

    'Mardaani 3 Box Office Collection Day 3: Rani Mukerji की वापसी धमाकेदार, फिल्म ने तीसरे दिन भी दिखाई बढ़त


    नई दिल्‍ली । Rani Mukerji की एक्शन-क्राइम थ्रिलर Mardaani 3 रिलीज के सिर्फ तीन दिनों में ₹17.50 करोड़ का कलेक्शन कर चुकी है। फिल्म की सफलता में Rani के दमदार प्रदर्शन और दर्शकों की तारीफों का बड़ा हाथ है, जिससे हॉलीवुड और बॉलीवुड के दर्शक इसे खूब पसंद कर रहे हैं।

    तीसरे दिन बॉक्स ऑफिस पर शानदार प्रदर्शन

    Abhiraj Minawala द्वारा निर्देशित Mardaani 3 30 जनवरी को रिलीज हुई और पहले ही वीकेंड में दर्शकों का भरपूर प्यार बटोर चुकी है। रविवार को फिल्म ने ₹7.25 करोड़ का कलेक्शन किया, जिससे कुल कमाई तीसरे दिन तक ₹17.50 करोड़ हो गई। रिपोर्ट के अनुसार, हिंदी भाषी सिनेमाघरों में फिल्म की औसत सीट बुकिंग 33.29% रही।

    शो टाइम और रीजनल रुझान

    फिल्म ने दिनभर में विभिन्न शोज़ में अच्छी उपस्थिति दर्ज की। शाम के शो में 49.80% तक, दोपहर में 37.04%, रात के शो में 33.10% और सुबह के शो में 13.23% तक थिएटर भरे रहे। शहरवार आंकड़ों पर नजर डालें तो पुणे में 45% की उपस्थिति रही, मुंबई में 42.25%, कोलकाता में 38.75% और भोपाल में 38.25% दर्शकों ने फिल्म देखी।

    Rani Mukerji ने साझा किया पुलिस अधिकारी का अनुभव

    Rani Mukerji ने हाल ही में बताया कि Mardaani फ्रेंचाइजी के तीसरे भाग में पुलिस की वर्दी पहनना उनके लिए गर्व की बात है। उन्होंने कहा, “उनकी (पुलिस अधिकारियों) जिंदगी की चुनौतियाँ और रोजमर्रा की कठिनाइयाँ उन्हें असाधारण बनाती हैं। यह मेरे लिए सम्मान की बात है कि मैं उनके किरदार को पर्दे पर पेश कर रही हूँ।”

    फिल्म का कास्ट और क्रू

    फिल्म में Rani Mukerji के अलावा Janki Bodiwala कॉन्स्टेबल Fatima Anwar के किरदार में हैं, जो Shivani Roy की जांच में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। Prajesh Kashyap रामानुजन के रूप में दिखते हैं, जो NGO फाउंडर के रूप में आते हैं लेकिन बाद में ट्रैफिकिंग रिंग के मास्टरमाइंड निकलते हैं। Mallika Prasad Sinha मुख्य खलनायक Amma के किरदार में हैं, जो एक खौफनाक, साइकोपैथिक चाइल्ड ट्रैफिकर के रूप में सामने आती हैं। Jisshu Sengupta Shivani के पति Dr Bikram Roy, Indraneel Bhattacharya भारतीय एंबेसडर Sahu और Mikhail Yawalkar Inspector Balwinder Singh Sodhi के रूप में नजर आए।

    फिल्म को Yash Raj Films ने प्रोड्यूस किया है। Artur Żurawski ने सिनेमेटोग्राफी संभाली, John Stewart Eduri ने संगीत दिया और Yasha Ramchandani ने एडिटिंग की। Mardaani 3 की तगड़ी शुरुआत और दर्शकों की उत्साही प्रतिक्रिया इसे एक सफल एक्शन-क्राइम फिल्म के रूप में स्थापित करती है, और उम्मीद जताई जा रही है कि आने वाले दिनों में बॉक्स ऑफिस पर यह और बढ़त दर्ज करेगी।