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  • दतिया और हमारी आने वाली पीढ़ियों के विकास के लिए भाजपा को मजबूत बनाना है :डॉ. नरोत्तम मिश्रा

    दतिया और हमारी आने वाली पीढ़ियों के विकास के लिए भाजपा को मजबूत बनाना है :डॉ. नरोत्तम मिश्रा


    दतिया/भोपाल,। भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री श्री शिवप्रकाश जी, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष व विधायक श्री हेमंत खंडेलवाल, पार्टी के प्रदेश प्रभारी डॉ. महेन्द्र सिंह, क्षेत्रीय संगठन महामंत्री श्री अजय जामवाल, उप मुख्यमंत्री श्री जगदीश देवड़ा, वरिष्ठ नेता डॉ. नरोत्तम मिश्रा, उपचुनाव प्रभारी व सांसद श्री भारत सिंह कुशवाह, भाजपा प्रत्याशी श्री आशुतोष तिवारी ने शुक्रवार को होटल रतन रॉयल में बनाए गए दतिया उपचुनाव कार्यालय का दीप प्रज्जवलित कर उद्घाटन किया और कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। वरिष्ठ नेताओं ने भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी को जिताने के लिए मैदान में उतरने का आव्हान किया। इससे पहले सभी वरिष्ठ नेताओं ने भारत माता, डॉ. श्यामाप्रसाद मुखर्जी एवं श्रद्धेय कुशाभाऊ ठाकरे जी के चित्रों पर माल्यार्पण कर वंदे मातरम् का गायन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ किया।

    दतिया, मध्यप्रदेश और देश को विकसित बनाने के लिए भाजपा प्रत्याशी को जिताना है -श्री शिवप्रकाश जी
    भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री श्री शिवप्रकाश जी ने कहा कि हम सभी कार्यकर्ता एक विचार और एक उद्देश्य के लिए कार्य करते हैं। श्रद्धेय कुशाभाऊ ठाकरे जी के बताए मार्ग का अनुसरण करते हुए हमें संगठन को निरंतर मजबूत बनाना है। उन्होंने कहा कि श्रद्धेय कुशाभाऊ ठाकरे जी ने कहा था कि जो भी भाजपा के ध्वज को ऊँचा उठाने का कार्य करेगा, मैं समझूँगा कि मेरा जीवन सफल हो गया। आज हम सभी का दायित्व है कि उनके इस संकल्प और सपने को साकार करें। उन्होंने कहा कि हमारा लक्ष्य विकसित दतिया, विकसित मध्यप्रदेश और विकसित भारत का निर्माण है। इस लक्ष्य की प्राप्ति के लिए भाजपा प्रत्याशी श्री आशुतोष तिवारी को ऐतिहासिक विजय दिलाना आवश्यक है। उन्होंने कार्यकर्ताओं का आह्वान करते हुए कहा कि सभी लोग पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ घर-घर जाएँ तथा प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में केंद्र सरकार और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में प्रदेश सरकार द्वारा संचालित जनहितैषी योजनाओं एवं विकास कार्यों की जानकारी आमजन तक पहुँचाएँ। भारतीय जनता पार्टी ने पिछले वर्षों में देश, प्रदेश और क्षेत्र के विकास के लिए अनेक उल्लेखनीय कार्य किए हैं। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में भारत का गौरव और सम्मान पूरे विश्व में बढ़ा है तथा आज विश्व मंच पर भारत की अलग पहचान बनी है। हमें उनके नेतृत्व को और अधिक मजबूत बनाना है। हम सभी कार्यकर्ता इस संकल्प के साथ कार्य करें कि भारत सुरक्षित, समृद्ध और आत्मनिर्भर बने तथा विश्व के प्रत्येक कोने में भारत माता का गौरव बढ़े। इसी उद्देश्य की पूर्ति के लिए भारतीय जनता पार्टी को प्रचंड विजय दिलाना हम सभी की जिम्मेदारी है।

    स्वाभिमान और सम्मान के लिए भाजपा को विजयश्री दिलाएं कार्यकर्ता-श्री हेमंत खण्डेलवाल
    भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष व विधायक श्री हेमंत खण्डेलवाल ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी विचारधारा और समर्पित कार्यकर्ताओं का संगठन है। लेकिन कई अन्य पार्टियां परिवार और व्यक्ति आधारित दल हैं। भाजपा में एक सामान्य कार्यकर्ता को अपनी मेहनत और क्षमता के आधार पर आगे बढ़ने का अवसर मिलता है। यही भाजपा की सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में भारत आज वैश्विक स्तर पर अपनी सशक्त पहचान स्थापित कर रहा है। वहीं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में मध्यप्रदेश विकास के नए आयाम स्थापित कर रहा है। भारतीय जनता पार्टी विकास, सुशासन और सुरक्षा की राजनीति के लिए जानी जाती है। जनता ने हमेशा भाजपा पर विकास के कार्यों के आधार पर विश्वास जताया है और हमें उसी विश्वास को और मजबूत करना है। दतिया उपचुनाव में भाजपा की जीत हमारी सरकार, संगठन, विचारधारा तथा प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व को और अधिक मजबूती प्रदान करेगी। उन्होंने कहा कि दतिया विधानसभा क्षेत्र में लंबे समय तक कांग्रेस के विधायक रहे, लेकिन क्षेत्र के विकास के लिए कोई उल्लेखनीय कार्य नहीं किए। यदि विकास हुआ होता तो कांग्रेस आज विकास के नाम पर जनता से वोट मांगती। उन्होंने कार्यकर्ताओं का आह्वान करते हुए कहा कि वे घर-घर जाकर भाजपा सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, विकास कार्यों और उपलब्धियों को जनता तक पहुंचाएं। ऐसे समय में दतिया विधानसभा का उपचुनाव केवल एक सीट का चुनाव नहीं, बल्कि प्रत्येक भाजपा कार्यकर्ता के स्वाभिमान, सम्मान और संगठन की प्रतिष्ठा का चुनाव है। इसलिए सभी कार्यकर्ता एकजुट होकर भाजपा प्रत्याशी श्री आशुतोष तिवारी को ऐतिहासिक विजय दिलाने के लिए पूरी ताकत से जुट जाएं।
    कांग्रेस ने घोटाले कर देश को पीछे धकेला, भाजपा ने विकसित भारत की मजबूत नींव रखी-डॉ. महेंद्र सिंह
    भाजपा के प्रदेश प्रभारी डॉ. महेंद्र सिंह ने कहा कि कांग्रेस के शासनकाल में देश ने अनेक बड़े घोटाले देखे। कोयला आवंटन, 2जी स्पेक्ट्रम, बोफोर्स, कॉमनवेल्थ गेम्स, आदर्श हाउसिंग सोसायटी, अगस्ता वेस्टलैंड और नेशनल हेराल्ड जैसे मामलों ने कांग्रेस की कार्यशैली को उजागर किया। इसके विपरीत प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में भारतीय जनता पार्टी की सरकारों ने भ्रष्टाचार मुक्त और पारदर्शी शासन के साथ विकसित भारत की मजबूत नींव रखने का कार्य किया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में देश ने अनेक ऐतिहासिक और साहसिक निर्णय लिए हैं। जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाना, समान नागरिक संहिता की दिशा में पहल तथा राष्ट्रहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देने वाले निर्णयों ने भारत को नई दिशा दी है। केंद्र सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं से गरीबों को पक्के आवास, निःशुल्क राशन, उज्ज्वला योजना के तहत गैस कनेक्शन तथा महिलाओं, किसानों और वंचित वर्गों के सशक्तिकरण के लिए अनेक योजनाओं का लाभ मिल रहा है। उन्होंने कहा कि यह महात्मा बुद्ध, भगवान महावीर, चंद्रगुप्त, स्वामी विवेकानंद, महाराणा प्रताप, रानी लक्ष्मीबाई, महात्मा गांधी और श्रद्वेय अटल बिहारी वाजपेयी जैसे महान विभूतियों की विरासत वाला भारत है। आज प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में यही भारत विकसित, आत्मनिर्भर और विश्वगुरु बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से आह्वान करते हुए कहा कि दतिया उपचुनाव में भाजपा प्रत्याशी को प्रचंड विजय दिलाकर प्रदेश और केंद्रीय नेतृत्व को और अधिक मजबूत बनाना हम सभी की जिम्मेदारी है।

    प्रत्याशी केवल माध्यम है, चुनाव कार्यकर्ताओं के परिश्रम से जीता जाता है-श्री जगदीश देवड़ा
    मध्यप्रदेश के उप मुख्यमंत्री श्री जगदीश देवड़ा ने कहा कि दतिया विधानसभा उपचुनाव के लिए भारतीय जनता पार्टी ने श्री आशुतोष तिवारी को अपना प्रत्याशी बनाया है, लेकिन भाजपा की कार्यपद्धति में प्रत्याशी केवल एक माध्यम होता है, चुनाव की वास्तविक ताकत समर्पित कार्यकर्ता होते हैं। भाजपा का प्रत्येक कार्यकर्ता संगठन की शक्ति और विजय का आधार है। उन्होंने कहा कि दतिया उपचुनाव पर केवल मध्यप्रदेश ही नहीं, बल्कि पूरे देश की नजर है। इसलिए सभी कार्यकर्ताओं को आपसी समन्वय, एकजुटता और पूरी ऊर्जा के साथ चुनाव मैदान में उतरना है तथा भाजपा प्रत्याशी को ऐतिहासिक और प्रचंड विजय दिलानी है। भारतीय जनता पार्टी सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास के मंत्र पर कार्य करती है। इसी भावना के साथ प्रत्येक कार्यकर्ता अगले 15 दिनों तक पूरी निष्ठा, समर्पण और सक्रियता के साथ घर-घर संपर्क कर केंद्र एवं प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं और विकास कार्यों को जनता तक पहुँचाए तथा भाजपा की विजय सुनिश्चित करने के लिए पूरी ताकत से जुट जाएं।
    दतिया और आने वाली पीढ़ियों के विकास के लिए भाजपा को मजबूत बनाएं-डॉ. नरोत्तम मिश्रा
    भाजपा के वरिष्ठ नेता डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि दतिया विधानसभा में 10 साल तक कांग्रेस के विधायक रहे, 5 साल उनके पिताजी सांसद रहे, लेकिन उन्होंने विकास के नाम पर कुछ नहीं किया। अब वे विकास के नाम पर वोट भी नहीं मांग सकते हैं। केंद्र और प्रदेश में भाजपा की डबल इंजन सरकार विकास कार्यों को गति दे रही है और दतिया उपचुनाव में भाजपा प्रत्याशी श्री आशुतोष तिवारी की जीत इस विकास यात्रा को और मजबूती देगी। डॉ. मिश्रा ने कार्यकर्ताओं से पूरी शक्ति और एकजुटता के साथ चुनाव मैदान में उतरने का आह्वान करते हुए कहा कि दतिया के विकास और आने वाली पीढ़ियों के उज्ज्वल भविष्य के लिए भारतीय जनता पार्टी को मजबूत बनाना है।
    कांग्रेस परिवार तक सीमित, भाजपा में कार्यकर्ता को मिलता है सम्मान और अवसर- श्री भारत सिंह कुशवाह
    दतिया उपचुनाव प्रभारी व सांसद श्री भारत सिंह कुशवाह ने कहा कि कांग्रेस की राजनीति परिवारवाद पर आधारित है, जबकि भारतीय जनता पार्टी में प्रत्येक कार्यकर्ता को उसकी मेहनत, समर्पण और क्षमता के आधार पर आगे बढ़ने का अवसर मिलता है। भाजपा कार्यकर्ता आधारित संगठन है, जहाँ हर कार्यकर्ता के योगदान का सम्मान किया जाता है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में केंद्र सरकार और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में प्रदेश सरकार ने किसान, महिला, युवा, गरीब, वरिष्ठ नागरिक सहित समाज के हर वर्ग के कल्याण के लिए अनेक जनहितैषी योजनाएँ संचालित की हैं, जिनका लाभ करोड़ों लोगों तक पहुँचा है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से आह्वान करते हुए कहा कि भाजपा सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास के मंत्र के साथ कार्य कर रही है। दतिया उपचुनाव में भाजपा प्रत्याशी को प्रचंड विजय दिलाकर प्रदेश और केंद्रीय नेतृत्व को और अधिक मजबूत बनाना हम सभी की जिम्मेदारी है।
    जब तक तन में प्राण रहेंगे, दतिया की सेवा करता रहूंगा -श्री आशुतोष तिवारी
    भाजपा प्रत्याशी श्री आशुतोष तिवारी ने कहा कि पार्टी नेतृत्व ने मुझ पर विश्वास व्यक्त करते हुए दतिया की सेवा का अवसर दिया है। अब यह विश्वास जनता और कार्यकर्ताओं के आशीर्वाद से और मजबूत होगा। जब तक उनके तन में प्राण रहेंगे, वे दतिया की जनता और भाजपा कार्यकर्ताओं की सेवा के लिए सदैव समर्पित रहेंगे तथा हर सुख-दुख में उनके साथ खड़े रहेंगे। कार्यकर्ता की एक आवाज पर वे उनके द्वार तक पहुँचेंगे और जनता के हितों की रक्षा के लिए हरसंभव प्रयास करेंगे। उन्होंने उपस्थित कार्यकर्ताओं और आमजन से आशीर्वाद प्राप्त करते हुए अपील की कि 30 जुलाई को कमल के फूल का बटन दबाकर भारतीय जनता पार्टी को प्रचंड विजय दिलाएं। कार्यक्रम का संचालन श्री पंकज गुप्ता ने किया एवं आभार श्रीमती मीनाक्षी कटारे ने व्यक्त किया।
    मंच पर ये रहे मौजूद
    चुनाव कार्यालय के उदघाटन के दौरान प्रदेश शासन के मंत्री श्री ऐदल सिंह कंषाना, श्री राकेश शुक्ला, पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष श्री शैलेंद्र बरूआ, सांसद श्रीमती संध्या राय, चुनाव अभियान प्रमुख व पूर्व मंत्री श्री अरविंद भदौरिया, चुनाव अभियान सह प्रमुख एवं प्रदेश उपाध्यक्ष श्री रणवीर सिंह रावत, पार्टी के प्रदेश महामंत्री व दतिया उपचुनाव के सह प्रभारी श्री राहुल कोठारी, अपेक्स बैंक के प्रशासक श्री महेंद्र यादव, प्रदेश मीडिया प्रभारी श्री आशीष उषा अग्रवाल, संभाग प्रभारी श्री अभय सिंह यादव, पूर्व मंत्री श्रीमती इमरती देवी, जिला प्रभारी श्री गजेंद्र सिंह सिकरवार, जिला अध्यक्ष श्री रघुवीर कुशवाह, विधायक श्री प्रदीप अग्रवाल, श्री प्रीतम लोधी, पूर्व विधायक श्री घनश्याम पिरोनिया, श्रीमती रक्षा सिरोनिया एवं श्री शैतान सिंह पाल सहित पार्टी पदाधिकारी मंचासीन रहे।
  • शनिवार को कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, तेज हवाएं भी बढ़ाएंगी मुश्किलें

    शनिवार को कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, तेज हवाएं भी बढ़ाएंगी मुश्किलें


    नई दिल्ली।
    भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) के अनुसार, 18 जुलाई (शनिवार) को देश के अधिकांश हिस्सों में मानसून सक्रिय रहेगा। उत्तर, मध्य, पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत के कई राज्यों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर भारी वर्षा होने की संभावना है। वहीं, कई इलाकों में गरज-चमक और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का भी अनुमान है।

    उत्तर भारत में कैसा रहेगा मौसम?

    आईएमडी के अनुसार जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश होगी, जबकि कुछ स्थानों पर भारी वर्षा हो सकती है। पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ हल्की बारिश होने के आसार हैं। पूर्वी उत्तर प्रदेश में भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है, जबकि पूर्वी राजस्थान में भी अच्छी बारिश की संभावना है। पश्चिमी राजस्थान में छिटपुट वर्षा का अनुमान है।

    मध्य और पूर्वी भारत में बारिश का दौर

    मध्य प्रदेश के कई जिलों में शनिवार को बारिश होने की संभावना है। छत्तीसगढ़, झारखंड, बिहार, पश्चिम बंगाल और ओडिशा में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर भारी वर्षा हो सकती है। लगातार बारिश के कारण निचले इलाकों में जलभराव और नदियों के जलस्तर में बढ़ोतरी की आशंका जताई गई है। मौसम विभाग ने किसानों और स्थानीय प्रशासन को सतर्क रहने की सलाह दी है।

    पश्चिम और दक्षिण भारत में भी सक्रिय रहेगा मानसून

    गोवा, गुजरात के कुछ हिस्सों, मध्य महाराष्ट्र और विदर्भ में हल्की से मध्यम बारिश होने का अनुमान है। तटीय कर्नाटक, केरल और माहे में व्यापक वर्षा जारी रह सकती है। आंतरिक कर्नाटक, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश और रायलसीमा में गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है। तमिलनाडु और पुडुचेरी के कुछ क्षेत्रों में भी हल्की वर्षा हो सकती है। कई स्थानों पर 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान है।

    पूर्वोत्तर राज्यों में भारी बारिश की आशंका

    अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ इलाकों में भारी वर्षा हो सकती है। पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और तेज बहाव वाले इलाकों में विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में भी बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है।

    पंजाब में फिलहाल कमजोर पड़ा मानसून

    पंजाब और चंडीगढ़ में मानसून की गतिविधियां फिलहाल कमजोर पड़ गई हैं, जिससे गर्मी और उमस बढ़ गई है। मौसम विभाग ने फिरोजपुर, फाजिल्का, फरीदकोट, श्री मुक्तसर साहिब, मोगा, बठिंडा, बरनाला और मानसा के लिए गर्मी और उमस का येलो अलर्ट जारी किया है। वहीं, पठानकोट, गुरदासपुर, होशियारपुर, नवांशहर, फतेहगढ़ साहिब, रूपनगर और मोहाली के कुछ क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।

    मौसम विभाग के अनुसार, पंजाब में 19 जुलाई से मानसून फिर सक्रिय होने की संभावना है। 20 से 22 जुलाई के बीच राज्य के कई हिस्सों में अच्छी बारिश और कुछ स्थानों पर भारी वर्षा दर्ज की जा सकती है। लोगों को स्थानीय मौसम चेतावनियों पर नजर रखने और खराब मौसम के दौरान आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।

  • रोहित शर्मा के भविष्य पर उठे सवालों के बीच विराट कोहली को रविचंद्रन अश्विन की बड़ी चेतावनी, बोले- लगातार प्रदर्शन नहीं रहा तो किसी की जगह सुरक्षित नहीं

    रोहित शर्मा के भविष्य पर उठे सवालों के बीच विराट कोहली को रविचंद्रन अश्विन की बड़ी चेतावनी, बोले- लगातार प्रदर्शन नहीं रहा तो किसी की जगह सुरक्षित नहीं

    नई दिल्ली । भारतीय क्रिकेट में वरिष्ठ खिलाड़ियों के भविष्य को लेकर चर्चाएं एक बार फिर तेज हो गई हैं। रोहित शर्मा के वनडे करियर को लेकर सामने आ रही अटकलों के बीच पूर्व भारतीय स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने विराट कोहली को लेकर भी महत्वपूर्ण टिप्पणी की है। उनका मानना है कि मौजूदा दौर में किसी भी खिलाड़ी की जगह केवल उसकी लोकप्रियता या पिछले रिकॉर्ड के आधार पर सुरक्षित नहीं रह सकती। टीम में बने रहने के लिए लगातार उच्च स्तर का प्रदर्शन करना सबसे बड़ी आवश्यकता बन चुका है।

    हाल के दिनों में भारतीय टीम के भविष्य और 2027 वनडे विश्व कप की तैयारियों को लेकर कई तरह की चर्चाएं चल रही हैं। माना जा रहा है कि टीम प्रबंधन आने वाले वर्षों के लिए युवा खिलाड़ियों को अधिक अवसर देने की रणनीति पर काम कर रहा है। इसी क्रम में रोहित शर्मा के भविष्य को लेकर भी कई तरह की अटकलें सामने आई हैं। हालांकि इस संबंध में कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन क्रिकेट जगत में इस विषय पर लगातार चर्चा जारी है।

    इसी पृष्ठभूमि में रविचंद्रन अश्विन ने कहा कि विराट कोहली इस समय शानदार फॉर्म में हैं और उनकी बल्लेबाजी पहले से कहीं अधिक प्रभावशाली दिखाई दे रही है। उन्होंने माना कि कोहली का अनुभव और निरंतरता भारतीय टीम के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। इसके बावजूद उन्होंने स्पष्ट किया कि आधुनिक क्रिकेट में किसी भी खिलाड़ी को अपनी जगह बनाए रखने के लिए लगातार प्रदर्शन करना ही होगा। यदि प्रदर्शन में लंबी गिरावट आती है तो परिस्थितियां किसी के लिए भी बदल सकती हैं।

    विराट कोहली का हालिया वनडे रिकॉर्ड भी उनकी बेहतरीन लय की पुष्टि करता है। इस वर्ष खेले गए मुकाबलों में उन्होंने लगातार उपयोगी पारियां खेलते हुए टीम की जीत में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उनका औसत और स्ट्राइक रेट दोनों ही संतुलित और प्रभावशाली रहे हैं। यही कारण है कि उन्हें भारतीय बल्लेबाजी की सबसे मजबूत कड़ी माना जा रहा है। अश्विन का भी मानना है कि यदि कोहली इसी तरह का प्रदर्शन जारी रखते हैं तो वह आने वाले बड़े टूर्नामेंटों में टीम के लिए अहम भूमिका निभाते रहेंगे।

    अश्विन ने केवल प्रदर्शन की बात ही नहीं की, बल्कि चयन प्रक्रिया को लेकर भी अपनी राय रखी। उन्होंने कहा कि किसी खिलाड़ी को टीम से बाहर करना चयनकर्ताओं का अधिकार है, लेकिन जिन खिलाड़ियों ने लंबे समय तक देश के लिए योगदान दिया है, उनके साथ सम्मानजनक व्यवहार किया जाना चाहिए। यदि किसी वरिष्ठ खिलाड़ी को भविष्य की योजनाओं में शामिल नहीं किया जा रहा है तो उसे स्पष्ट रूप से इसकी जानकारी दी जानी चाहिए, ताकि किसी तरह की अनिश्चितता या भ्रम की स्थिति पैदा न हो।

    भारतीय क्रिकेट फिलहाल बदलाव के महत्वपूर्ण दौर से गुजर रहा है। एक ओर युवा खिलाड़ियों को तैयार करने की आवश्यकता है, वहीं दूसरी ओर अनुभवी खिलाड़ियों का अनुभव भी टीम के लिए अमूल्य है। ऐसे में चयनकर्ताओं के सामने संतुलन बनाए रखने की चुनौती पहले से अधिक बड़ी हो गई है। टीम प्रबंधन को भविष्य की योजनाओं और वर्तमान प्रदर्शन के बीच उचित तालमेल स्थापित करना होगा।

    रविचंद्रन अश्विन का यह बयान केवल विराट कोहली तक सीमित नहीं माना जा रहा, बल्कि इसे भारतीय क्रिकेट में बदलती चयन प्रक्रिया और बढ़ती प्रतिस्पर्धा का संकेत भी समझा जा रहा है। आने वाले महीनों में टीम चयन से जुड़े फैसले यह तय करेंगे कि भारत 2027 विश्व कप की दिशा में किस रणनीति के साथ आगे बढ़ता है और अनुभवी खिलाड़ियों तथा नई प्रतिभाओं के बीच किस प्रकार संतुलन स्थापित किया जाता है।

  • आखिरी मैच में शतक लगा दो यार…', रोहित शर्मा के संभावित संन्यास पर भावुक हुए आकाश चोपड़ा, लॉर्ड्स में यादगार विदाई की जताई उम्मीद

    आखिरी मैच में शतक लगा दो यार…', रोहित शर्मा के संभावित संन्यास पर भावुक हुए आकाश चोपड़ा, लॉर्ड्स में यादगार विदाई की जताई उम्मीद

    नई दिल्ली । भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान रोहित शर्मा के संभावित वनडे संन्यास को लेकर चर्चाएं लगातार तेज होती जा रही हैं। इंग्लैंड के खिलाफ मौजूदा वनडे श्रृंखला के बीच यह अटकलें सामने आई हैं कि तीसरे मुकाबले के बाद रोहित इस प्रारूप को भी अलविदा कह सकते हैं। हालांकि इस संबंध में कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन क्रिकेट जगत में इस विषय पर लगातार प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। इसी क्रम में पूर्व भारतीय क्रिकेटर और क्रिकेट विश्लेषक आकाश चोपड़ा ने रोहित शर्मा को लेकर भावुक टिप्पणी की है।

    आकाश चोपड़ा ने कहा कि यदि इंग्लैंड के खिलाफ होने वाला मुकाबला वास्तव में रोहित शर्मा के वनडे करियर का अंतिम मैच साबित होता है, तो वह चाहेंगे कि भारतीय बल्लेबाज अपने करियर का समापन एक यादगार पारी के साथ करें। उन्होंने भावनात्मक अंदाज में कहा कि रोहित को अपने अंतिम मुकाबले में शतक बनाकर उसी अंदाज में विदाई लेनी चाहिए, जिस अंदाज में उन्होंने वर्षों तक वनडे क्रिकेट पर अपनी छाप छोड़ी है।

    पूर्व क्रिकेटर ने हाल के मैचों में रोहित शर्मा की बल्लेबाजी शैली में आए बदलाव की भी चर्चा की। उनके अनुसार पहले रोहित पावरप्ले के शुरुआती ओवरों में आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए तेजी से रन बनाते थे, लेकिन इंग्लैंड के खिलाफ हालिया मुकाबलों में उनका दृष्टिकोण अलग दिखाई दिया। उन्होंने कहा कि दूसरे वनडे में रोहित ने अपेक्षाकृत धीमी बल्लेबाजी की और यह उनकी सामान्य शैली से अलग नजर आया।

    आकाश चोपड़ा का मानना है कि कप्तानी छोड़ने के बाद रोहित शर्मा के खेल में बदलाव देखने को मिला है। उन्होंने कहा कि पहले रोहित शुरुआत से ही विपक्षी गेंदबाजों पर दबाव बनाने के लिए जाने जाते थे, लेकिन अब वह अधिक संयमित बल्लेबाजी करते दिखाई दे रहे हैं। उनके अनुसार यह बदलाव चर्चा का विषय है और क्रिकेट प्रेमियों ने भी इसे महसूस किया है।

    उन्होंने चयन प्रक्रिया पर भी अपनी राय रखी। आकाश चोपड़ा का कहना था कि यदि टीम प्रबंधन भविष्य की योजना बना रहा है, तब भी अनुभवी खिलाड़ियों को पर्याप्त अवसर मिलना चाहिए। उनके अनुसार अगले बड़े वैश्विक टूर्नामेंट में अभी समय बाकी है और ऐसे में रोहित जैसे अनुभवी खिलाड़ी को कुछ और मौके दिए जाने पर भी विचार किया जा सकता था। उनका मानना है कि अनुभव और निरंतर प्रदर्शन किसी भी टीम के लिए महत्वपूर्ण होते हैं।

    रोहित शर्मा पहले ही टी20 अंतरराष्ट्रीय और टेस्ट क्रिकेट से संन्यास ले चुके हैं। ऐसे में यदि वह वनडे क्रिकेट से भी विदाई लेते हैं तो भारतीय क्रिकेट का एक सफल अध्याय समाप्त होगा। अपने लंबे करियर में रोहित ने कई ऐतिहासिक पारियां खेलीं और सीमित ओवरों के क्रिकेट में अनेक रिकॉर्ड अपने नाम किए। उनकी कप्तानी और बल्लेबाजी दोनों ने भारतीय टीम को कई महत्वपूर्ण सफलताएं दिलाने में अहम भूमिका निभाई है।

    फिलहाल सभी की निगाहें इंग्लैंड के खिलाफ होने वाले अगले मुकाबले पर टिकी हैं। यदि संन्यास की चर्चाएं सही साबित होती हैं तो क्रिकेट प्रेमी रोहित शर्मा को एक यादगार पारी खेलते हुए देखना चाहेंगे। वहीं यदि ऐसा नहीं होता है, तो भी उनके भविष्य को लेकर चल रही अटकलों पर आधिकारिक स्थिति स्पष्ट होने का इंतजार रहेगा। क्रिकेट जगत में आकाश चोपड़ा की भावुक प्रतिक्रिया ने इन चर्चाओं को और अधिक चर्चा का विषय बना दिया है।

  • शानदार तेजी के साथ बंद हुआ शेयर बाजार, सेंसेक्स 965 अंक उछला तो निफ्टी 24,334 के पार; बैंकिंग और आईटी शेयरों ने दिखाई दमदार मजबूती

    शानदार तेजी के साथ बंद हुआ शेयर बाजार, सेंसेक्स 965 अंक उछला तो निफ्टी 24,334 के पार; बैंकिंग और आईटी शेयरों ने दिखाई दमदार मजबूती

    नई दिल्ली ।सप्ताह के अंतिम कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार ने जोरदार प्रदर्शन करते हुए निवेशकों को बड़ी राहत दी। वैश्विक स्तर पर मिले-जुले संकेतों और पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव के बावजूद घरेलू बाजार में खरीदारी का मजबूत माहौल देखने को मिला। कारोबार के अंत में बीएसई सेंसेक्स 964.58 अंकों की बढ़त के साथ 78,151.45 पर बंद हुआ, जबकि एनएसई निफ्टी 50 भी 261.55 अंक चढ़कर 24,334.30 के स्तर पर पहुंच गया। दोनों प्रमुख सूचकांकों में एक प्रतिशत से अधिक की बढ़त ने बाजार में निवेशकों के बढ़ते विश्वास को दर्शाया।

    कारोबार की शुरुआत भी सकारात्मक रही। सेंसेक्स अपने पिछले बंद स्तर से ऊपर खुला और दिनभर खरीदारी के दम पर लगातार मजबूत बना रहा। कारोबार के दौरान यह 78,282.55 के उच्चतम स्तर तक पहुंच गया। वहीं निफ्टी ने भी शुरुआती बढ़त को बरकरार रखते हुए दिन के दौरान 24,367.30 का इंट्रा-डे हाई बनाया। बाजार बंद होने तक प्रमुख सूचकांक अपने ऊंचे स्तरों के करीब बने रहे, जिससे पूरे कारोबारी सत्र में सकारात्मक रुझान देखने को मिला।

    बाजार की तेजी में सबसे बड़ी भूमिका बैंकिंग और सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र के शेयरों ने निभाई। निजी बैंकों में मजबूत खरीदारी के कारण निफ्टी प्राइवेट बैंक सूचकांक सबसे अधिक बढ़त दर्ज करने वाला सेक्टर रहा। इसके अलावा आईटी, बैंकिंग, रियल्टी और ऑटो सेक्टर में भी अच्छी तेजी देखने को मिली। रिलायंस इंडस्ट्रीज, एचडीएफसी बैंक, आईसीआईसीआई बैंक, कोटक महिंद्रा बैंक और एक्सिस बैंक जैसे बड़े शेयरों ने प्रमुख सूचकांकों को मजबूती प्रदान की। निफ्टी 50 में टेक महिंद्रा, टीसीएस, कोटक महिंद्रा बैंक और आईसीआईसीआई बैंक के शेयर प्रमुख बढ़त दर्ज करने वालों में शामिल रहे।

    हालांकि बाजार का रुख पूरी तरह एकतरफा नहीं रहा। फार्मा, हेल्थकेयर, मेटल और कंज्यूमर ड्यूरेबल्स सेक्टर में कुछ दबाव देखने को मिला। इसी तरह मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी सीमित कमजोरी दर्ज की गई। विशेषज्ञों का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ते तनाव और कच्चे तेल की ऊंची कीमतों का असर इन वर्गों पर देखने को मिला, लेकिन बड़े शेयरों में मजबूत खरीदारी ने पूरे बाजार को सकारात्मक दिशा दी।

    बाजार विशेषज्ञों के अनुसार पिछले कई कारोबारी सत्रों से सीमित दायरे में कारोबार करने के बाद बाजार ने महत्वपूर्ण तकनीकी ब्रेकआउट दिया है। इसे निवेशकों के बढ़ते भरोसे और मजबूत बाजार धारणा का संकेत माना जा रहा है। तकनीकी संकेतकों के अनुसार निफ्टी अभी भी अपने प्रमुख मूविंग एवरेज के ऊपर कारोबार कर रहा है, जबकि आरएसआई में भी सकारात्मक संकेत दिखाई दिए हैं। इससे निकट भविष्य में बाजार की मजबूती बरकरार रहने की संभावना व्यक्त की जा रही है।

    विश्लेषकों का मानना है कि यदि मौजूदा रुझान जारी रहता है तो निफ्टी आने वाले कारोबारी सत्रों में 24,800 के स्तर की ओर बढ़ सकता है। वहीं 24,200 का स्तर निकट अवधि के लिए महत्वपूर्ण सपोर्ट माना जा रहा है। यदि सूचकांक इस स्तर से नीचे जाता है तो कुछ समय के लिए सीमित दायरे में कारोबार देखने को मिल सकता है। फिलहाल घरेलू आर्थिक संकेतकों, कंपनियों के तिमाही नतीजों और वैश्विक घटनाक्रम पर निवेशकों की नजर बनी रहेगी, क्योंकि यही कारक आने वाले दिनों में बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभा सकते हैं।

  • जब सड़कें और पुल बह गए तो हाथियों ने संभाली जिम्मेदारी, अरुणाचल के बाढ़ प्रभावित गांवों तक राहत पहुंचाने की बनी अनोखी जीवनरेखा

    जब सड़कें और पुल बह गए तो हाथियों ने संभाली जिम्मेदारी, अरुणाचल के बाढ़ प्रभावित गांवों तक राहत पहुंचाने की बनी अनोखी जीवनरेखा

    नई दिल्ली । अरुणाचल प्रदेश के लोअर सियांग जिले में आई भीषण बाढ़ ने जनजीवन को गंभीर रूप से प्रभावित कर दिया है। लगातार बारिश और फ्लैश फ्लड के कारण कई सड़कें और पुल क्षतिग्रस्त हो गए, जिससे एक दर्जन से अधिक गांवों का संपर्क मुख्य मार्गों से पूरी तरह टूट गया। ऐसे हालात में प्रशासन और स्थानीय ग्रामीणों ने राहत पहुंचाने के लिए ऐसा तरीका अपनाया है, जिसने संकट की घड़ी में मानव और प्रकृति के सहयोग की मिसाल पेश की है। दुर्गम इलाकों तक जरूरी सामान पहुंचाने के लिए हाथियों की मदद ली जा रही है।

    बाढ़ का सबसे अधिक असर नारी-कोयू विधानसभा क्षेत्र के कोयू सर्कल के गांवों पर पड़ा है। यहां सड़क संपर्क टूटने के कारण सामान्य वाहनों की आवाजाही पूरी तरह बंद हो गई है। कई गांवों तक न तो खाद्यान्न पहुंच पा रहा था और न ही दवाइयों तथा ईंधन जैसी आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति संभव हो रही थी। ऐसे में प्रभावित परिवारों के सामने रोजमर्रा की जरूरतों का संकट गहराने लगा।

    स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने स्थानीय समुदाय के सहयोग से हाथियों के माध्यम से राहत सामग्री पहुंचाने की व्यवस्था शुरू की। हाथियों की पीठ पर राशन, दवाइयां, ईंधन और अन्य जरूरी सामान लादकर उन रास्तों से भेजा जा रहा है, जहां वाहन तो दूर, कई स्थानों पर पैदल पहुंचना भी बेहद कठिन है। पहाड़ी इलाकों में प्राकृतिक परिस्थितियों के अनुरूप चलने की उनकी क्षमता राहत कार्यों में बेहद उपयोगी साबित हो रही है।

    यह अभियान आसान नहीं है। हाथियों को तेज बहाव वाली नदियों, कीचड़ से भरे रास्तों, ऊबड़-खाबड़ पहाड़ी मार्गों और बड़े-बड़े पत्थरों के बीच कई किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ रही है। इसके बावजूद राहत कार्य लगातार जारी है। प्रशासन का प्रयास है कि किसी भी गांव में आवश्यक वस्तुओं की कमी न होने पाए और सभी प्रभावित परिवारों तक समय पर मदद पहुंच सके।

    स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि हाथियों की सहायता नहीं ली जाती तो कई गांवों तक राहत सामग्री पहुंचाना लगभग असंभव हो जाता। कई स्थानों पर सड़कें पूरी तरह बह चुकी हैं और अस्थायी रास्ते भी सुरक्षित नहीं हैं। ऐसे में हाथी ही एकमात्र भरोसेमंद माध्यम बनकर उभरे हैं, जिनकी मदद से लगातार राहत सामग्री गांवों तक पहुंच रही है। इससे सैकड़ों लोगों को भोजन, दवा और अन्य जरूरी सुविधाएं मिल रही हैं।

    प्राकृतिक आपदाओं के दौरान वैकल्पिक संसाधनों का प्रभावी उपयोग किस तरह राहत कार्यों को गति दे सकता है, इसका यह उदाहरण बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। स्थानीय प्रशासन के साथ ग्रामीणों की भागीदारी और प्रशिक्षित हाथियों का सहयोग राहत अभियान को सफल बनाने में अहम भूमिका निभा रहा है। इससे यह भी स्पष्ट होता है कि कठिन भौगोलिक परिस्थितियों वाले क्षेत्रों में स्थानीय संसाधनों का सही उपयोग आपदा प्रबंधन को अधिक प्रभावी बना सकता है।

    अरुणाचल प्रदेश में राहत एवं बचाव कार्य लगातार जारी हैं और प्रभावित क्षेत्रों में सामान्य स्थिति बहाल करने के प्रयास किए जा रहे हैं। क्षतिग्रस्त सड़कों और पुलों की मरम्मत की दिशा में भी काम शुरू किया गया है, ताकि जल्द से जल्द गांवों का संपर्क फिर से स्थापित हो सके। तब तक हाथियों के जरिए राहत सामग्री पहुंचाने का यह अभियान प्रभावित लोगों के लिए उम्मीद की सबसे मजबूत कड़ी बना हुआ है। यह पहल केवल राहत वितरण तक सीमित नहीं है, बल्कि कठिन समय में मानव, स्थानीय समुदाय और प्रकृति के बीच सहयोग की प्रेरक मिसाल भी प्रस्तुत करती है।

  • MP: लगभग 10 वर्ष बाद जेल विभाग के 40 अधिकारियों को पदोन्नति

    MP: लगभग 10 वर्ष बाद जेल विभाग के 40 अधिकारियों को पदोन्नति


    भोपाल। मध्य प्रदेश शासन के पदोन्नति संबंधी निर्णय के अनुपालन में जेल विभाग में लंबे समय से लंबित पदोन्नति प्रक्रिया को गति देते हुए लगभग 10 वर्ष बाद विभाग के 40 अधिकारियों के पदोन्नति आदेश जारी किए गए हैं। शासन के निर्देशों के पालन में जेल मुख्यालय द्वारा सहायक जेल अधीक्षक के पद पर कार्यरत अधिकारियों को उप जेल अधीक्षक के पद पर पदोन्नत किया गया है।

    जनसंपर्क अधिकारी राजेश दाहिमा ने शुक्रवार को बताया कि पदोन्नत अधिकारियों को उनके नवीन पद एवं दायित्व के अनुरूप पदस्थापित करने की प्रक्रिया जेल मुख्यालय द्वारा प्रारंभ कर दी गई है। पदोन्नति से अधिकारियों में उत्साह का संचार हुआ है तथा इससे जेल विभाग की प्रशासनिक कार्यक्षमता और कार्यप्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाने में भी मदद मिलेगी।

    जेल मुख्यालय में आयोजित समारोह में महानिदेशक, जेल एवं सुधारात्मक सेवाएं डॉ. वरुण कपूर ने पदोन्नत अधिकारियों को नई रैंक प्रदान की। समारोह के दौरान महानिदेशक जेल डॉ. वरुण कपूर द्वारा पदोन्नत अधिकारियों ज्योति तिवारी, हरीश आर्य, दिलीप नायक एवं राकेश कुमार मिहोरिया की वर्दी पर अशोक चिन्ह लगाकर उन्हें उप जेल अधीक्षक की नई रैंक प्रदान की गई।

    इस अवसर पर महानिदेशक जेल डॉ. वरुण कपूर ने सभी पदोन्नत अधिकारियों को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा कि पदोन्नति नई जिम्मेदारियों और चुनौतियों के साथ-साथ विभाग की सेवा का महत्वपूर्ण अवसर है। उन्होंने अपेक्षा व्यक्त की कि सभी अधिकारी अपने नवीन दायित्वों का निर्वहन पूर्ण निष्ठा, ईमानदारी, अनुशासन एवं समर्पण के साथ करेंगे तथा जेल एवं सुधारात्मक सेवाओं की कार्यप्रणाली को और अधिक प्रभावी, संवेदनशील एवं परिणामोन्मुख बनाने में महत्वपूर्ण योगदान देंगे।

    समारोह में विशेष महानिदेशक जी. अखेतो सेमा, अतिरिक्त महानिरीक्षक संजय पांडे, उपमहानिरीक्षक मंशाराम पटेल, केंद्रीय जेल अधीक्षक दिनेश नरगावे सहित जेल विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

  • कुवैत का बड़ा दावा, ईरान ने डिसैलिनेशन प्लांट पर किया हमला, बिजली उत्पादन और पेयजल आपूर्ति पर मंडराया संकट

    कुवैत का बड़ा दावा, ईरान ने डिसैलिनेशन प्लांट पर किया हमला, बिजली उत्पादन और पेयजल आपूर्ति पर मंडराया संकट

    नई दिल्ली । पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच कुवैत ने ईरान पर अपने महत्वपूर्ण डिसैलिनेशन और बिजली संयंत्र पर हमला करने का आरोप लगाया है। कुवैती प्रशासन का कहना है कि इस हमले से संयंत्र को भारी नुकसान पहुंचा है और कुछ हिस्सों में आग भी लग गई थी। घटना के बाद राहत और मरम्मत कार्य तत्काल शुरू कर दिया गया है, जबकि सुरक्षा एजेंसियां पूरे मामले की निगरानी कर रही हैं।

    कुवैत के बिजली, पानी और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के अनुसार हमले के कारण बिजली उत्पादन से जुड़ी कई इकाइयों को क्षति पहुंची है। अधिकारियों ने बताया कि आग पर समय रहते काबू पा लिया गया, जिससे बड़े स्तर पर नुकसान को रोका जा सका। फिलहाल तकनीकी विशेषज्ञ प्रभावित इकाइयों का निरीक्षण कर रहे हैं और संयंत्र को दोबारा पूरी क्षमता से संचालित करने की दिशा में कार्य जारी है।

    कुवैत के लिए डिसैलिनेशन संयंत्र अत्यंत महत्वपूर्ण माने जाते हैं। यह देश प्राकृतिक मीठे जल स्रोतों की कमी के कारण अपनी अधिकांश पेयजल जरूरतों के लिए समुद्र के खारे पानी को मीठा बनाने की प्रक्रिया पर निर्भर है। ऐसे में यदि इस तरह के संयंत्र लंबे समय तक प्रभावित रहते हैं तो जल आपूर्ति के साथ-साथ बिजली व्यवस्था पर भी व्यापक असर पड़ सकता है। सरकार ने कहा है कि आवश्यक सेवाओं को बनाए रखने के लिए वैकल्पिक व्यवस्थाओं पर भी काम किया जा रहा है।

    कुवैती प्रशासन ने कहा कि इस प्रकार के महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे पर हमला केवल आर्थिक नुकसान तक सीमित नहीं है, बल्कि इससे आम नागरिकों के दैनिक जीवन और आवश्यक सेवाओं पर भी गंभीर प्रभाव पड़ सकता है। इसी कारण संबंधित एजेंसियों को नुकसान का त्वरित आकलन करने और संयंत्र को जल्द से जल्द सामान्य संचालन में लाने के निर्देश दिए गए हैं।

    इस घटना के बीच पश्चिम एशिया में सैन्य गतिविधियां भी तेज बनी हुई हैं। क्षेत्र में अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के कारण कई रणनीतिक ठिकानों और बुनियादी ढांचों को लेकर सुरक्षा चिंताएं लगातार बढ़ रही हैं। हाल के दिनों में दोनों पक्षों के बीच बढ़ी सैन्य कार्रवाई ने पूरे क्षेत्र में अस्थिरता का माहौल पैदा कर दिया है, जिसका असर पड़ोसी देशों पर भी दिखाई देने लगा है।

    विशेषज्ञों का मानना है कि ऊर्जा और जल आपूर्ति से जुड़े प्रतिष्ठानों पर किसी भी प्रकार का हमला केवल संबंधित देश ही नहीं बल्कि पूरे क्षेत्र की स्थिरता को प्रभावित कर सकता है। ऐसे में कुवैत द्वारा लगाए गए आरोपों के बाद क्षेत्रीय सुरक्षा और कूटनीतिक गतिविधियों पर भी नजरें टिकी हुई हैं। फिलहाल इस घटना के संबंध में आधिकारिक स्तर पर आगे की जांच और अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया का इंतजार किया जा रहा है, जबकि कुवैत सरकार ने आवश्यक सेवाओं को निर्बाध बनाए रखने के लिए सभी संबंधित विभागों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं।

  • बाल संरक्षण तंत्र को मजबूत करने के लिए भोपाल में हुई राज्य स्तरीय कार्यशाला

    बाल संरक्षण तंत्र को मजबूत करने के लिए भोपाल में हुई राज्य स्तरीय कार्यशाला


    भोपाल । मध्यप्रदेश बाल अधिकार संरक्षण आयोग, भोपाल द्वारा दिनांक 17 जुलाई, 2026 को मध्यप्रदेश काउंसिल फॉर साइंस एंड टेक्नोलॉजी (MPCST), भोपाल में “लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम, 2012 (पॉक्सो अधिनियम) एवं किशोर न्याय (बालकों की देखरेख एवं संरक्षण) अधिनियम, 2015 के प्रभावी क्रियान्वयन में बाल कल्याण समिति (CWC) की भूमिका” विषय पर राज्य स्तरीय प्रशिक्षण-सह-कार्यशाला का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया।

    कार्यक्रम रामेन्द्र सिंह, महासचिव, भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी, मध्यप्रदेश। कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में डॉ. अनिल कोठारी, गहानिदेशक, मध्यप्रदेश काउंसिल फॉर साइंस एंड टेक्नोलॉजी (MPCST), भोपाल तथा श्रीमती सुधा विजय सिंह भदौरिया, सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी, जिला न्यायालय, भोपाल, आयोग की सदस्य श्रीमती सोनम निनामा एवं श्रीमती अर्चना गुप्ता की गरिमामयी उपस्थिति रही।

    बाल कल्याण समितियों की कार्यप्रणाली में एकरूपता लाना मुख्य उद्देश्य

    कार्यशाला का प्रमुख उद्देश्य प्रदेश की समस्त बाल कल्याण समितियों की कार्यप्रणाली में एकरूपता स्थापित करना, सदस्यों की विधिक एवं पुक्रियागत दक्षता का संवर्धन करना, विभिन्न जिलों के अनुभवों एवं श्रेष्ठ कार्यप्रणालियों का आदान-प्रदान सुनिश्चित करना तथा राज्य की वाल संरक्षण व्यवस्था को अधिक प्रभावी, उत्तरदायी एवं “बालहित सर्वोपरि” (Best Interest of Child) के सिद्धांत के अनुरूप सुटढ़ बनाना था।

    कानूनी प्रावधानों और व्यावहारिक चुनौतियों पर गहन मंथन

    इस प्रशिक्षण-सह-कार्यशाला में प्रदेश के समस्त जिलों की बाल कल्याण समितियों के अध्यक्षों एवं सदस्यों को लैंगिक अपराधों से चालकों का संरक्षण अधिनियम, 2012 (पॉक्सो अधिनियम) तथा किशोर न्याय (वालकों की देखरेख एवं संरक्षण) अधिनियम, 2015 के प्रभावी क्रियान्वयन से संबंधित विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत एवं व्यवहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया। प्रशिक्षण में वाल संरक्षण संबंधी वैधानिक प्रावधानों, प्रक्रियात्मक कार्यवाही, वालहित सर्वोपरि के सिद्धांत, पुनर्वास एवं पुनर्स्थापन, विभागीय समन्वय, बाल कल्याण समिति की भूमिका, प्रकरण प्रबंधन (Case Management), अभिलेख संधारण, आयोग की रिपोर्टिंग प्रणाली तथा संवेदनशील प्रकरणों के प्रभावी एवं समयबद्ध निराकरण जैसे महत्वपूर्ण विपयों पर विस्तार से चर्चा की गई।

    प्रशिक्षण के प्रथम सत्र में रामेन्द्र सिंह द्वारा बाल संरक्षण व्यवस्था को अधिक संवेदनशील एवं प्रभावी बनाने पर विशेष बल दिया गया। उन्होंने कहा कि प्रत्येक प्रकरण में बालक अथवा बालिका के सर्वोतम हित को सर्वोच्च प्राथमिकता प्रदान करते हुए वाल कल्याण समितियों को आपसी समन्वय, संवे संवेदनशील दृष्टिकोण एवं विधिक प्रावधानों के अनुरूप कार्य करना चाहिए। उन्होंने समितियों को प्रत्येक प्रकरण में मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए उत्तरदायित्वपूर्ण एवं निष्पक्ष निर्णय लेने हेतु प्रेरित किया।

    एमपीसीएसटी के महानिदेशक डॉ. अनिल कोठारी ने अपने उद्धोधन में वर्तमान समय में बाल संरक्षण प्रणाली को आधुनिक तकनीक से जोड़ने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि नवीनतम तकनीकी संसाधनों एवं डिजिटल माध्यमों के प्रभावी उपयोग से वाल संरक्षण तंत्र को अधिक सुदृढ़, पारदर्शी एवं परिणामोन्मुख बनाया जा सकता है।

    कार्यक्रम के द्वितीय सत्र में श्रीमती सुधा विजय सिंह भदौरिया द्वारा बाल कल्याण समितियों को विस्तृत विधिक एवं व्यवहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया। उन्होंने पॉक्सो अधिनियम एवं किशोर न्याय अधिनियम के विभिन्न प्रावधानों की विस्तारपूर्वक जानकारी देते हुए कहा कि प्रत्येक पीड़ित बालक अथवा बालिका के पुनर्वास एवं पुनर्स्थापन की प्रक्रिया सुरक्षित, संवेदनशील एवं बाल-अनुकूल सामाजिक वातावरण में सुनिधित की जानी चाहिए। उन्होंने समितियों को विधिक प्रक्रियाओं का पूर्ण पालन करते हुए पीड़ित के अधिकारों एवं गरिमा की रक्षा सुनिश्चित करने के संबंध में आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान किया।

    मध्यप्रदेश बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष डॉ. निवेदिता शर्मा ने बाल संरक्षण से संबंधित प्रत्येक प्रकरण में समयबद्ध, निष्पक्ष एवं गुणवत्तापूर्ण कार्यवाही सुनिधित की जाए उन्होंने सतत संवाद, प्रभावी समन्वय तथा बालहित सर्वोपरि के सिद्धांत को प्रत्येक निर्णय का आधार बनाने पर विशेष बल दिया। उन्होंने पॉक्सो अधिनियम के अंतर्गत पीड़ित बच्चों के लिए सपोर्ट पर्सन की नियुक्ति पूर्ण पारदर्शिता एवं निष्पक्षता के साथ किए जाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि ऐसे व्यक्तियों का चयन किया जाए जो पीड़ित बच्चों के सर्वोतम हितों की प्रभावी रूप से रक्षा कर सकें।

  • एमपी में यूसीसी पर कैबिनेट की मुहर के बाद विधानसभा में आएगा विधेयक, मंत्रियों के सामने होगा प्रेजेंटेशन

    एमपी में यूसीसी पर कैबिनेट की मुहर के बाद विधानसभा में आएगा विधेयक, मंत्रियों के सामने होगा प्रेजेंटेशन


    भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार समान नागरिक संहिता (यूसीसी) विधेयक को मानसून सत्र में विधानसभा में पेश करने की तैयारी में है। इससे पहले 19 जुलाई को भोपाल के निकट स्थित जगदीशपुर में आयोजित होने वाली कैबिनेट बैठक में विधेयक के प्रमुख प्रावधानों का प्रस्तुतीकरण किया जाएगा, ताकि सभी मंत्री इसके विभिन्न पहलुओं से पूरी तरह अवगत हो सकें।

    सरकार का उद्देश्य है कि विधानसभा में विधेयक पेश होने से पहले मंत्रियों की सभी जिज्ञासाओं का समाधान हो जाए और वे सदन में प्रस्तावित कानून के प्रावधानों पर तथ्यात्मक रूप से अपना पक्ष रख सकें।

    कांग्रेस के विरोध की तैयारी
    सूत्रों के अनुसार, विधानसभा के मानसून सत्र में कांग्रेस यूसीसी विधेयक का विरोध कर सकती है। इसे देखते हुए सरकार पहले ही कैबिनेट के समक्ष इसके प्रावधानों की विस्तृत जानकारी साझा करेगी, ताकि चर्चा के दौरान मंत्री प्रभावी ढंग से सरकार का पक्ष रख सकें।

    आदिवासी समुदाय रहेगा दायरे से बाहर
    प्रस्तावित यूसीसी विधेयक में आदिवासी, घुमंतु, अर्द्धघुमंतु और मतांतरित आदिवासी समुदायों को इसके दायरे से बाहर रखा गया है। इसके अलावा लिव-इन रिलेशनशिप के लिए अनिवार्य पंजीयन, उत्तराधिकार से जुड़े प्रावधान और विवाह एवं विवाह विच्छेद (तलाक) के मामलों में सभी नागरिकों के लिए समान नियम लागू करने का प्रस्ताव शामिल किया गया है।

    साढ़े नौ लाख सुझावों के आधार पर तैयार हुआ मसौदा
    यूसीसी का मसौदा तैयार करने के दौरान समिति को करीब साढ़े नौ लाख सुझाव प्राप्त हुए थे। इन्हीं सुझावों और विभिन्न पक्षों पर विचार-विमर्श के बाद विधेयक को अंतिम रूप दिया गया है।

    मानसून सत्र में आएंगे 14 विधेयक
    20 जुलाई से शुरू होने वाले विधानसभा के मानसून सत्र में सरकार कुल 14 विधेयक प्रस्तुत करने की तैयारी में है। इनमें केंद्र सरकार द्वारा संशोधित श्रम कानूनों को प्रदेश में लागू करने संबंधी विधेयक, कोचिंग संस्थानों के विनियमन का कानून, फायर सेफ्टी, कॉलोनाइजर एक्ट, माल एवं सेवा कर (जीएसटी), पंचायतराज, नागरिक सुरक्षा संहिता तथा प्रथम अनुपूरक बजट से संबंधित विनियोग विधेयक समेत कई महत्वपूर्ण प्रस्ताव शामिल हैं।