नई दिल्ली। आईसीसी मेन्स टी20 वर्ल्ड कप 2026 में भारत और पाकिस्तान के बीच होने वाले मैच को लेकर विवाद अभी भी जारी है। पाकिस्तान ने फिलहाल मैच में हिस्सा लेने से इनकार किया है, हालांकि यह अब तक आईसीसी को आधिकारिक रूप से लिखित नहीं बताया गया।
आईसीसी इस हाईवोल्टेज मुकाबले को कराने के लिए हर संभव प्रयास कर रहा है। 8 फरवरी को आईसीसी अधिकारियों और PCB चीफ मोहसिन नकवी की बैठक हुई, जिसमें बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड के अध्यक्ष भी मौजूद थे।
पाकिस्तान की तीन डिमांड
जानकारों के अनुसार, पाकिस्तान ने भारत के खिलाफ मैच में हिस्सा लेने के लिए तीन बड़ी डिमांड आईसीसी के सामने रखीं:अधिक रेवेन्यू शेयर: टूर्नामेंट में होने वाली कमाई में पाकिस्तान को अधिक हिस्सा चाहिए।बाइलेटरल क्रिकेट बहाली: भारत और पाकिस्तान के बीच द्विपक्षीय सीरीज फिर से शुरू की जाए।खिलाड़ियों का हाथ मिलाना: टूर्नामेंट के दौरान भारतीय और पाकिस्तानी खिलाड़ियों को एक-दूसरे से हाथ मिलाना होगा।
भारत नहीं मानेगा ये मांग
इन तीन डिमांड्स में से दूसरी शर्त, यानी बाइलेटरल क्रिकेट शुरू करने की मांग, भारत कभी स्वीकार नहीं करेगा। भारत और पाकिस्तान के बीच आखिरी द्विपक्षीय सीरीज 2012 में खेली गई थी। राजनीतिक तनाव और पिछले साल पहलगाम हमला के बाद भारत का पाकिस्तान के प्रति रुख और भी सख्त हो गया है। इसी वजह से एशिया कप 2025 से टीम इंडिया ने पाकिस्तानी खिलाड़ियों से हाथ मिलाना भी बंद कर दिया। विशेषज्ञों के अनुसार, पाकिस्तान की बाकी दो डिमांड रेवेन्यू शेयर बढ़ाना और हाथ मिलाना पूरी की जा सकती हैं, लेकिन द्विपक्षीय सीरीज का फिर से शुरू होना फिलहाल असंभव लगता है।
