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  • भारतीय महिला टीम का शानदार आगाज, इंग्लैंड पर 38 रन की जीत

    भारतीय महिला टीम का शानदार आगाज, इंग्लैंड पर 38 रन की जीत


    नई दिल्ली । चेम्सफोर्ड में खेले गए पहले टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले में Indian Women’s Cricket Team ने शानदार प्रदर्शन करते हुए मेजबान England Women’s Cricket Team को 38 रनों से हराकर तीन मैचों की सीरीज में 1-0 की बढ़त हासिल कर ली। भारत की जीत में बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों का बेहतरीन संतुलन देखने को मिला।

    टॉस और शुरुआती झटकों के बाद भारत की पारी लड़खड़ा गई थी, जब कप्तानी कर रहीं स्मृति मंधाना पहली ही गेंद पर आउट हो गईं और शेफाली वर्मा भी सस्ते में पवेलियन लौट गईं। ऐसे मुश्किल समय में जेमिमा रोड्रिग्स और यास्तिका भाटिया ने पारी को संभालते हुए भारतीय पारी को मजबूती दी। दोनों बल्लेबाजों ने तीसरे विकेट के लिए 126 रनों की शानदार साझेदारी निभाई, जिसने मैच का रुख पूरी तरह भारत की ओर मोड़ दिया।

    यास्तिका भाटिया ने आक्रामक अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए 40 गेंदों में 54 रन बनाए, जिसमें 9 चौके और 1 छक्का शामिल रहा। वहीं जेमिमा रोड्रिग्स ने बेहतरीन संयम और तकनीक का प्रदर्शन करते हुए 40 गेंदों में 69 रनों की लाजवाब पारी खेली। इस साझेदारी ने भारतीय टीम को 189 रनों के मजबूत स्कोर तक पहुंचाया।

    लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड की टीम की शुरुआत भी खराब रही। भारतीय गेंदबाजों ने शुरू से ही दबाव बनाए रखा। ऐलिस कैप्सी केवल 6 रन बनाकर आउट हुईं, जबकि सोफिया डंकले भी 16 रन बनाकर पवेलियन लौट गईं। हालांकि इसके बाद हीथर नाइट और एमी जोन्स ने 64 रनों की साझेदारी कर पारी को संभालने की कोशिश की, लेकिन भारतीय गेंदबाजों ने लगातार विकेट निकालकर इंग्लैंड को वापसी का मौका नहीं दिया।

    एमी जोन्स ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 48 गेंदों में 67 रन बनाए, लेकिन उन्हें दूसरे छोर से पर्याप्त सहयोग नहीं मिला। अंततः इंग्लैंड की पूरी टीम 20 ओवर में 8 विकेट खोकर केवल 150 रन ही बना सकी।

    भारत की ओर से गेंदबाजी में नंदिनी शर्मा ने अपने डेब्यू मैच में शानदार प्रदर्शन करते हुए 3 विकेट झटके। उनके अलावा क्रांति गौड़ ने 2 विकेट हासिल किए, जबकि दीप्ति शर्मा और श्री चरणी को 1-1 सफलता मिली।

    इस जीत के साथ भारतीय टीम ने न केवल सीरीज में बढ़त बनाई, बल्कि अपने ऑलराउंड प्रदर्शन से यह भी साबित किया कि वह विदेशी सरजमीं पर भी मजबूत दावेदारी रखती है।

  • बारिश ने बिगाड़ा खेल तो कौन पहुंचेगा फाइनल? GT vs RR मैच का पूरा गणित

    बारिश ने बिगाड़ा खेल तो कौन पहुंचेगा फाइनल? GT vs RR मैच का पूरा गणित


    नई दिल्ली। आईपीएल 2026 का रोमांच अपने चरम पर पहुंच चुका है और अब सभी की नजरें गुजरात टाइटंस और राजस्थान रॉयल्स के बीच खेले जाने वाले क्वालिफायर-2 मुकाबले पर टिकी हैं। न्यू चंडीगढ़ के मुल्लांपुर स्थित महाराजा यादविंद्र सिंह इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में शुक्रवार को होने वाला यह मुकाबला तय करेगा कि रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के खिलाफ फाइनल में कौन सी टीम उतरेगी। हालांकि मैच से पहले मौसम सबसे बड़ा चिंता का विषय बन गया है। बारिश की आशंका ने फैंस की धड़कनें बढ़ा दी हैं और हर किसी के मन में यही सवाल है कि अगर मुकाबला बारिश की भेंट चढ़ गया तो किस टीम की किस्मत खुलेगी।

    आईपीएल प्लेऑफ मुकाबलों में इस बार रिजर्व डे की व्यवस्था नहीं की गई है। ऐसे में अगर बारिश के कारण मैच प्रभावित होता है, तो सबसे पहले अंपायर और मैच रेफरी सीमित ओवरों का मुकाबला कराने की कोशिश करेंगे। यदि मौसम लगातार खराब बना रहता है और पूरा मैच संभव नहीं हो पाता, तो सुपर ओवर कराने का विकल्प मौजूद रहेगा। लेकिन अगर हालात इतने खराब हो जाएं कि सुपर ओवर भी नहीं कराया जा सके, तब आईपीएल के नियम के अनुसार लीग स्टेज की अंक तालिका के आधार पर विजेता टीम तय की जाएगी।

    यहीं पर गुजरात टाइटंस को बड़ा फायदा मिलता दिखाई दे रहा है। लीग चरण में गुजरात ने शानदार प्रदर्शन करते हुए अंक तालिका में दूसरा स्थान हासिल किया था। टीम ने 18 अंकों के साथ प्लेऑफ में जगह बनाई थी और उसका नेट रनरेट भी मजबूत रहा। दूसरी ओर राजस्थान रॉयल्स चौथे स्थान पर रही थी और उसके खाते में 16 अंक थे। ऐसे में यदि मुकाबला पूरी तरह धुल जाता है और कोई परिणाम नहीं निकलता, तो गुजरात टाइटंस सीधे फाइनल में पहुंच जाएगी।

    राजस्थान रॉयल्स के लिए यह स्थिति किसी बड़े झटके से कम नहीं होगी, क्योंकि टीम शानदार लय में नजर आ रही है। एलिमिनेटर मुकाबले में राजस्थान ने सनराइजर्स हैदराबाद को हराकर क्वालिफायर-2 में जगह बनाई थी। उस मैच में युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने विस्फोटक बल्लेबाजी कर सभी का ध्यान अपनी ओर खींच लिया था। उन्होंने मात्र 29 गेंदों में 97 रन ठोककर राजस्थान को यादगार जीत दिलाई थी। टीम का आत्मविश्वास फिलहाल सातवें आसमान पर है।

    दूसरी ओर गुजरात टाइटंस की टीम भी संतुलित और मजबूत दिखाई दे रही है। कप्तान शुभमन गिल की अगुवाई में टीम ने पूरे सीजन लगातार बेहतरीन प्रदर्शन किया है। बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों विभागों में गुजरात मजबूत नजर आई है। ऐसे में अगर मैच पूरा खेला जाता है, तो फैंस को एक हाई-वोल्टेज मुकाबला देखने को मिल सकता है।

    अब सभी की निगाहें मौसम पर टिकी हैं। अगर बारिश बीच में नहीं आती, तो दोनों टीमों के बीच फाइनल का टिकट हासिल करने के लिए जबरदस्त जंग देखने को मिलेगी। लेकिन अगर मौसम ने साथ नहीं दिया, तो अंक तालिका का नियम राजस्थान के सपनों को तोड़ सकता है और गुजरात की राह सीधे फाइनल तक खोल सकता है।

  • SRH पर राजस्थान रॉयल्स का कहर, 243 रन बनाकर 47 रन से जीता मुकाबला

    SRH पर राजस्थान रॉयल्स का कहर, 243 रन बनाकर 47 रन से जीता मुकाबला


    नई दिल्ली। आईपीएल 2026 के एलिमिनेटर मुकाबले में राजस्थान रॉयल्स ने शानदार प्रदर्शन करते हुए सनराइजर्स हैदराबाद को 47 रन से हराकर क्वालीफायर-2 में प्रवेश कर लिया। यह मुकाबला महाराजा यादवेंद्र सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में खेला गया, जहां टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी राजस्थान की टीम ने निर्धारित 20 ओवरों में 8 विकेट पर 243 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया।

    राजस्थान की शुरुआत धमाकेदार रही। वैभव सूर्यवंशी और यशस्वी जायसवाल की सलामी जोड़ी ने 48 गेंदों में 125 रनों की साझेदारी कर टीम को मजबूत आधार दिया। वैभव सूर्यवंशी ने मात्र 16 गेंदों में अर्धशतक पूरा कर दिया और 29 गेंदों में 97 रनों की विस्फोटक पारी खेली, जिसमें 12 छक्के और 5 चौके शामिल रहे। हालांकि, यशस्वी जायसवाल 29 रन बनाकर ज्यादा देर क्रीज पर नहीं टिक सके।

    इसके बाद कप्तान रियान पराग और ध्रुव जुरेल ने पारी को संभाला। दोनों के बीच 21 गेंदों में 55 रनों की तेज साझेदारी हुई। ध्रुव जुरेल ने भी आक्रामक अंदाज दिखाते हुए 21 गेंदों में 50 रन ठोक दिए, जिसमें 3 छक्के और 5 चौके शामिल थे। अंत में डोनोवन फरेरा और रवींद्र जडेजा ने छोटी लेकिन उपयोगी पारियां खेलीं और टीम को मजबूत स्कोर तक पहुंचाया।

    सनराइजर्स हैदराबाद की ओर से प्रफुल हिंगे सबसे सफल गेंदबाज रहे, जिन्होंने 54 रन देकर 3 विकेट लिए। उनके अलावा ईशान किशन, शिवांग कुमार और नितीश रेड्डी को 1-1 सफलता मिली।

    लक्ष्य का पीछा करने उतरी SRH की शुरुआत बेहद खराब रही और दूसरी ही गेंद पर अभिषेक शर्मा बिना खाता खोले आउट हो गए। इसके बाद ईशान किशन और ट्रेविस हेड ने 15 गेंदों में 51 रनों की तेज साझेदारी कर वापसी की कोशिश की, लेकिन ईशान के आउट होते ही टीम दबाव में आ गई।

    SRH ने 6.5 ओवर में 5 विकेट गंवा दिए थे और स्कोर 81 रन तक सिमट गया। इसके बाद नितीश रेड्डी और सलिल अरोड़ा ने 56 रनों की साझेदारी कर संघर्ष जरूर किया, लेकिन टीम लक्ष्य से दूर रह गई। SRH की पूरी टीम 19.2 ओवर में 196 रन पर ऑलआउट हो गई।

    राजस्थान की ओर से जोफ्रा आर्चर सबसे सफल गेंदबाज रहे, जिन्होंने 3 विकेट झटके। इसके अलावा नांद्रे बर्गर, सुशांत मिश्रा और रवींद्र जडेजा ने भी अहम विकेट लेकर जीत सुनिश्चित की। इस जीत के साथ राजस्थान रॉयल्स ने क्वालीफायर-2 में जगह बना ली है, जहां अब उसका सामना गुजरात टाइटंस से होगा।

  • IPL 2026: प्लेऑफ इतिहास में सबसे ज्यादा छक्के, RR की जीत ने बनाए कई रिकॉर्ड

    IPL 2026: प्लेऑफ इतिहास में सबसे ज्यादा छक्के, RR की जीत ने बनाए कई रिकॉर्ड


    नई दिल्ली। आईपीएल 2026 के एलिमिनेटर मुकाबले में राजस्थान रॉयल्स और सनराइजर्स हैदराबाद के बीच खेला गया मैच क्रिकेट इतिहास में एक यादगार पन्ना जोड़ गया। इस मुकाबले में न सिर्फ रन बरसे, बल्कि छक्कों की ऐसी बारिश हुई कि प्लेऑफ इतिहास का नया रिकॉर्ड बन गया। दोनों टीमों के बल्लेबाजों ने मिलकर कुल 26 छक्के लगाए, जो अब तक किसी भी आईपीएल प्लेऑफ मैच में सबसे अधिक हैं।

    इससे पहले यह रिकॉर्ड साल 2025 में मुंबई इंडियंस और गुजरात टाइटंस के बीच खेले गए एलिमिनेटर के नाम था, जिसमें कुल 25 छक्के लगे थे। लेकिन बुधवार को हुए इस हाई-वोल्टेज मुकाबले ने उस रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया।

    महाराजा यादवेंद्र सिंह अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में खेले गए इस मैच में राजस्थान रॉयल्स ने टॉस गंवाकर पहले बल्लेबाजी करते हुए आक्रामक शुरुआत की। युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी और यशस्वी जायसवाल ने पहले विकेट के लिए सिर्फ 48 गेंदों में 125 रनों की धमाकेदार साझेदारी की।

    यशस्वी जायसवाल ने 29 गेंदों में 29 रन बनाए, लेकिन असली तूफान वैभव सूर्यवंशी के बल्ले से आया। वैभव ने मात्र 29 गेंदों में 97 रनों की विस्फोटक पारी खेली, जिसमें 5 चौके और 12 छक्के शामिल रहे। उनकी इस पारी ने पूरे मैच का रुख ही बदल दिया।

    मिडिल ऑर्डर में ध्रुव जुरेल ने भी तेजतर्रार बल्लेबाजी करते हुए 21 गेंदों में 50 रन बनाए, जिसमें 5 चौके और 3 छक्के शामिल थे। कप्तान रियान पराग ने 12 गेंदों में 26 रन जोड़कर रन गति को और बढ़ाया, जबकि रविंद्र जडेजा ने 9 गेंदों में नाबाद 12 रन बनाए।राजस्थान रॉयल्स ने 20 ओवर में 8 विकेट खोकर 243 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया।

    लक्ष्य का पीछा करने उतरी सनराइजर्स हैदराबाद की शुरुआत बेहद खराब रही। अभिषेक शर्मा बिना खाता खोले आउट हो गए, जबकि ट्रेविस हेड सिर्फ 17 रन बनाकर पवेलियन लौटे। ईशान किशन ने 11 गेंदों में 33 रन जरूर बनाए, लेकिन बड़ी पारी में बदल नहीं सके।

    हेनरिक क्लासेन भी 18 रन पर आउट होकर निराश हुए। हालांकि नीतीश कुमार रेड्डी ने 38 रनों की सबसे बड़ी पारी खेली, जबकि साहिल अरोड़ा ने 35 रन और शिवांग कुमार ने 27 रन बनाकर संघर्ष किया।

    आरआर की गेंदबाजी में जोफ्रा आर्चर सबसे सफल रहे, जिन्होंने 3 विकेट झटके। नांद्रे बर्गर, सुशांत मिश्रा और रवींद्र जडेजा ने 2-2 विकेट लेकर एसआरएच की पारी को 196 रन पर समेट दिया।

    इस मुकाबले ने साबित कर दिया कि आईपीएल सिर्फ एक क्रिकेट टूर्नामेंट नहीं, बल्कि रिकॉर्ड्स और रोमांच का सबसे बड़ा मंच है।

  • IPL 2026: वैभव सूर्यवंशी बने रन किंग, भुवनेश्वर कुमार का गेंदबाज़ी में दबदबा कायम

    IPL 2026: वैभव सूर्यवंशी बने रन किंग, भुवनेश्वर कुमार का गेंदबाज़ी में दबदबा कायम


    नई दिल्ली। आईपीएल 2026 के एलिमिनेटर मुकाबले में राजस्थान रॉयल्स ने शानदार प्रदर्शन करते हुए सनराइजर्स हैदराबाद को 47 रनों से हराकर टूर्नामेंट में अपनी दावेदारी मजबूत कर ली। इस मैच के सबसे बड़े हीरो 15 वर्षीय युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी रहे, जिन्होंने मात्र 29 गेंदों में 97 रनों की विस्फोटक पारी खेलकर क्रिकेट जगत को चौंका दिया।

    राजस्थान रॉयल्स ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 8 विकेट के नुकसान पर 243 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया। टीम की ओर से वैभव सूर्यवंशी के साथ ध्रुव जुरेल ने भी अहम अर्धशतकीय पारी खेली, जिससे टीम को मजबूत शुरुआत और अंत मिला।

    244 रनों के बड़े लक्ष्य का पीछा करने उतरी सनराइजर्स हैदराबाद की टीम शुरुआत से ही दबाव में नजर आई। लगातार गिरते विकेटों के कारण टीम कभी भी लक्ष्य के करीब नहीं पहुंच सकी और अंततः 19.2 ओवर में 196 रन बनाकर पूरी टीम पवेलियन लौट गई।

    इस मुकाबले में वैभव सूर्यवंशी की पारी ने न सिर्फ मैच का रुख बदल दिया, बल्कि ऑरेंज कैप की दौड़ भी पूरी तरह पलट दी। वैभव अब 15 मैचों में 680 रन बनाकर शीर्ष पर पहुंच गए हैं। उन्होंने इस प्रदर्शन के साथ गुजरात टाइटंस के साई सुदर्शन को पीछे छोड़ दिया, जो 652 रनों के साथ दूसरे स्थान पर खिसक गए हैं।

    सनराइजर्स हैदराबाद के हेनरिक क्लासेन 624 रनों के साथ तीसरे स्थान पर हैं, जबकि गुजरात टाइटंस के कप्तान शुभमन गिल 618 रन बनाकर चौथे स्थान पर बने हुए हैं। ईशान किशन 602 रन के साथ पांचवें, विराट कोहली 600 रन के साथ छठे और केएल राहुल 593 रन के साथ सातवें स्थान पर मौजूद हैं।

    गेंदबाजी में भी रोमांच बरकरार है, जहां रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के अनुभवी तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार ने पर्पल कैप पर अपना कब्जा कायम रखा है। उन्होंने 15 मैचों में 26 विकेट लेकर शानदार प्रदर्शन किया है। हालांकि, गुजरात टाइटंस के कगिसो रबाडा भी 26 विकेट लेकर बराबरी पर पहुंच चुके हैं, जिससे मुकाबला बेहद रोमांचक हो गया है।

    जोफ्रा आर्चर 24 विकेट के साथ तीसरे स्थान पर हैं, जबकि चेन्नई सुपर किंग्स के अंशुल कंबोज 21 विकेट लेकर चौथे और सनराइजर्स हैदराबाद के ईशान मलिंगा 20 विकेट के साथ पांचवें स्थान पर बने हुए हैं।

    इस जीत के साथ राजस्थान रॉयल्स ने एक बार फिर साबित कर दिया कि युवा प्रतिभा और आक्रामक क्रिकेट के दम पर वह किसी भी टीम को हराने का माद्दा रखती है।

  • वैभव सूर्यवंशी की रिकॉर्डतोड़ पारी से दंग हुए क्रिस गेल: 59 छक्कों का रिकॉर्ड टूटने पर दिया बड़ा रिएक्शन

    वैभव सूर्यवंशी की रिकॉर्डतोड़ पारी से दंग हुए क्रिस गेल: 59 छक्कों का रिकॉर्ड टूटने पर दिया बड़ा रिएक्शन


    नई दिल्ली। आईपीएल 2026 में राजस्थान रॉयल्स के युवा स्टार वैभव सूर्यवंशी का बल्ला जिस अंदाज में आग उगल रहा है उसने पूरी क्रिकेट दुनिया को हैरान कर दिया है। महज 15 साल की उम्र में वैभव ने वो कारनामा कर दिखाया है जो आईपीएल के इतिहास में बड़े-बड़े दिग्गज बल्लेबाज नहीं कर पाए थे। सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ एलिमिनेटर मुकाबले में वैभव ने सिर्फ 29 गेंदों में 97 रनों की विस्फोटक पारी खेलकर रिकॉर्ड्स की झड़ी लगा दी।

    इस तूफानी पारी के दौरान वैभव सूर्यवंशी ने 5 चौके और 12 गगनचुंबी छक्के लगाए। इन्हीं 12 छक्कों के साथ उन्होंने आईपीएल के एक सीजन में सबसे ज्यादा सिक्स लगाने का क्रिस गेल का 14 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया। इससे पहले यह रिकॉर्ड ‘यूनिवर्स बॉस’ क्रिस गेल के नाम था जिन्होंने साल 2012 में एक सीजन में 59 छक्के लगाए थे। अब वैभव सूर्यवंशी 65 छक्कों के साथ इस लिस्ट में सबसे ऊपर पहुंच गए हैं।

    सबसे खास बात यह रही कि वैभव सूर्यवंशी सिर्फ तीन रन से शतक से चूक गए। अगर वह 29वीं गेंद पर आउट नहीं होते तो शायद आईपीएल इतिहास का सबसे तेज शतक भी उनके नाम हो जाता। यह रिकॉर्ड फिलहाल क्रिस गेल के नाम है जिन्होंने 2013 में मात्र 30 गेंदों में सेंचुरी जड़ी थी।

    वैभव की इस रिकॉर्डतोड़ पारी के बाद सोशल मीडिया पर उनकी जमकर तारीफ हो रही है। क्रिकेट के भगवान कहे जाने वाले सचिन तेंदुलकर समेत कई दिग्गज खिलाड़ियों ने उनकी बल्लेबाजी को खास बताया। लेकिन सबसे ज्यादा चर्चा उस वक्त हुई जब खुद क्रिस गेल ने वैभव की तारीफ में सोशल मीडिया पर पोस्ट शेयर किया।

    क्रिस गेल ने इंस्टाग्राम स्टोरी और एक्स पर वैभव सूर्यवंशी के आंकड़े शेयर करते हुए लिखा, “वैभव क्या जबरदस्त खिलाड़ी है। बहुत मजेदार नौजवान। IPL की नई सिक्स मशीन।” यूनिवर्स बॉस का यह रिएक्शन बताता है कि वैभव की बल्लेबाजी ने दुनिया के सबसे विस्फोटक बल्लेबाजों में से एक को भी प्रभावित कर दिया है।

    वैभव सूर्यवंशी की इस पारी का असर ऑरेंज कैप की रेस पर भी पड़ा। अब उनके नाम आईपीएल 2026 में 680 रन हो गए हैं और वह सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज बन चुके हैं। इसके साथ ही वह आईपीएल इतिहास के पहले ऐसे खिलाड़ी बन गए हैं जिन्होंने एक सीजन में 200 से ज्यादा स्ट्राइक रेट के साथ 600 से अधिक रन बनाए हैं।

    अगर मैच की बात करें तो राजस्थान रॉयल्स ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 243 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। एक समय ऐसा लग रहा था कि टीम 280 रन तक पहुंच जाएगी, लेकिन वैभव के आउट होने के बाद टीम की रफ्तार धीमी पड़ गई। ध्रुव जुरेल ने जरूर अर्धशतक लगाया लेकिन बाकी बल्लेबाज ज्यादा योगदान नहीं दे सके।

    244 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी सनराइजर्स हैदराबाद की शुरुआत बेहद खराब रही। टॉप ऑर्डर के जल्दी आउट होने के बाद पूरी टीम दबाव में आ गई और 196 रन पर सिमट गई। हैदराबाद की टीम पूरे 20 ओवर भी नहीं खेल पाई।

    अब राजस्थान रॉयल्स का सामना 29 मई को क्वालीफायर-2 में गुजरात टाइटंस से होगा। यह मुकाबला न्यू चंडीगढ़ में खेला जाएगा। इस मैच की विजेता टीम फाइनल में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु से भिड़ेगी। लेकिन फिलहाल क्रिकेट जगत में सबसे ज्यादा चर्चा सिर्फ एक नाम की हो रही है और वो नाम है वैभव सूर्यवंशी।

  • ऑरेंज कैप की रेस में वैभव सूर्यवंशी का जलवा: अब सिर्फ इन 2 खिलाड़ियों से मुकाबला, विराट कोहली काफी पीछे

    ऑरेंज कैप की रेस में वैभव सूर्यवंशी का जलवा: अब सिर्फ इन 2 खिलाड़ियों से मुकाबला, विराट कोहली काफी पीछे


    नई दिल्ली। आईपीएल 2026 में राजस्थान रॉयल्स के युवा स्टार वैभव सूर्यवंशी का बल्ला ऐसा गरजा है कि बड़े-बड़े दिग्गज भी पीछे छूट गए हैं। महज 15 साल की उम्र में वैभव ने ऑरेंज कैप की रेस को पूरी तरह अपने कब्जे में ले लिया है। सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ एलिमिनेटर मुकाबले में उन्होंने 97 रनों की विस्फोटक पारी खेलकर न सिर्फ अपनी टीम को जीत दिलाई बल्कि ऑरेंज कैप की दौड़ में भी खुद को सबसे आगे पहुंचा दिया।

    वैभव सूर्यवंशी अब आईपीएल 2026 में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज बन चुके हैं। उन्होंने 15 मैचों में 45.33 की शानदार औसत और 242.86 के तूफानी स्ट्राइक रेट से 680 रन बनाए हैं। इस सीजन उनके बल्ले से 55 चौके और 65 गगनचुंबी छक्के निकले हैं। यही नहीं वह आईपीएल इतिहास के पहले ऐसे बल्लेबाज भी बन गए हैं जिन्होंने एक सीजन में 200 से ज्यादा स्ट्राइक रेट के साथ 600 रन का आंकड़ा पार किया है।

    सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ उनकी 97 रनों की पारी ने पूरे क्रिकेट जगत को हैरान कर दिया। इस पारी में उन्होंने सिर्फ चौकों से नहीं बल्कि लंबे-लंबे छक्कों से गेंदबाजों की जमकर धुनाई की। वैभव ने 12 छक्के और 5 चौके लगाकर दिखा दिया कि वह सिर्फ भविष्य के स्टार नहीं बल्कि मौजूदा समय के सबसे खतरनाक टी20 बल्लेबाजों में शामिल हो चुके हैं।

    हालांकि ऑरेंज कैप की लड़ाई अभी खत्म नहीं हुई है। वैभव सूर्यवंशी को सबसे बड़ा खतरा गुजरात टाइटंस के ओपनर साई सुदर्शन से है। सुदर्शन इस समय 652 रनों के साथ दूसरे नंबर पर मौजूद हैं और दोनों बल्लेबाजों के बीच सिर्फ 28 रनों का अंतर है। खास बात यह है कि अब राजस्थान रॉयल्स और गुजरात टाइटंस के बीच क्वालीफायर-2 मुकाबला खेला जाना है। ऐसे में इस मैच में तय हो सकता है कि ऑरेंज कैप आखिर किस खिलाड़ी के सिर सजने वाली है।

    साई सुदर्शन के अलावा गुजरात टाइटंस के कप्तान शुभमन गिल भी इस रेस में बने हुए हैं। गिल के नाम इस सीजन 618 रन हैं और अगर वह क्वालीफायर-2 में बड़ी पारी खेलते हैं तो ऑरेंज कैप की तस्वीर पूरी तरह बदल सकती है। अगर गुजरात फाइनल में पहुंचती है तो गिल और सुदर्शन दोनों को एक अतिरिक्त मैच खेलने का मौका मिलेगा, जिससे उनकी दावेदारी और मजबूत हो जाएगी।

    दूसरी तरफ विराट कोहली अब इस रेस में काफी पीछे दिखाई दे रहे हैं। रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के स्टार बल्लेबाज ने इस सीजन 15 मैचों में 600 रन बनाए हैं और वह ऑरेंज कैप की सूची में छठे स्थान पर हैं। आरसीबी पहले ही क्वालीफायर-1 जीतकर फाइनल में पहुंच चुकी है, ऐसे में विराट के पास अपने रन बढ़ाने का सिर्फ एक ही मौका बचा है।

    यही वजह है कि अब ऑरेंज कैप की असली जंग वैभव सूर्यवंशी, साई सुदर्शन और शुभमन गिल के बीच सिमटती नजर आ रही है। मगर जिस फॉर्म में वैभव बल्लेबाजी कर रहे हैं उसे देखकर यही लग रहा है कि ऑरेंज कैप उनसे छीनना अब किसी भी बल्लेबाज के लिए आसान नहीं होगा।

  • राजस्थान रॉयल्स की बड़ी खोज, लेकिन पहली बोली किसी और टीम ने लगाई थी!

    राजस्थान रॉयल्स की बड़ी खोज, लेकिन पहली बोली किसी और टीम ने लगाई थी!


    नई दिल्ली। राजस्थान रॉयल्स को वैभव सूर्यवंशी के रूप में ऐसा हीरा मिल गया है जिसे अब फ्रेंचाइजी किसी भी कीमत पर अपने से दूर नहीं होने देना चाहेगी। महज 15 साल की उम्र में आईपीएल में तहलका मचाने वाले वैभव आज क्रिकेट दुनिया का सबसे चर्चित नाम बन चुके हैं। लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि आईपीएल नीलामी में इस युवा बल्लेबाज पर पहली बोली राजस्थान रॉयल्स ने नहीं बल्कि दिल्ली कैपिटल्स ने लगाई थी।

    आईपीएल 2025 की नीलामी में जब वैभव सूर्यवंशी का नाम सामने आया तब उनकी उम्र सिर्फ 13 साल थी। बिहार के इस युवा बल्लेबाज का बेस प्राइस 30 लाख रुपए रखा गया था। जैसे ही नाम पुकारा गया वैसे ही दिल्ली कैपिटल्स ने सबसे पहले दांव खेला। राजस्थान रॉयल्स ने तुरंत दूसरी बोली लगाई और फिर दोनों टीमों के बीच जबरदस्त बिड वॉर शुरू हो गई।

    दिल्ली कैपिटल्स एक विस्फोटक ओपनर की तलाश में थी और टीम मैनेजमेंट को वैभव में भविष्य का बड़ा मैच विनर नजर आ रहा था। दूसरी तरफ राजस्थान रॉयल्स भी इस प्रतिभा को किसी कीमत पर छोड़ना नहीं चाहती थी। आखिरकार बोली 1 करोड़ रुपए तक पहुंची जहां दिल्ली पीछे हट गई और राजस्थान रॉयल्स ने 1.10 करोड़ रुपए में इस युवा खिलाड़ी को अपनी टीम में शामिल कर लिया। उस समय शायद किसी को अंदाजा नहीं था कि यह खिलाड़ी आगे चलकर आईपीएल का सबसे बड़ा आकर्षण बन जाएगा।

    आईपीएल 2025 के शुरुआती मुकाबलों में वैभव को मौका नहीं मिला। उस समय टीम के हेड कोच राहुल द्रविड़ थे जो युवा खिलाड़ियों को तैयार करने में माहिर माने जाते हैं। वैभव ने आधा सीजन डगआउट में बैठकर खेल को समझा और खुद को बड़े मंच के लिए तैयार किया। आखिरकार 19 अप्रैल 2025 को उन्हें आईपीएल डेब्यू का मौका मिला। तब उनकी उम्र सिर्फ 14 साल 23 दिन थी और वह आईपीएल इतिहास के सबसे युवा डेब्यू करने वाले खिलाड़ी बन गए।

    वैभव ने अपने करियर की पहली ही गेंदों में बता दिया कि वह साधारण खिलाड़ी नहीं हैं। उन्होंने अपने आईपीएल करियर की शुरुआत शार्दुल ठाकुर के खिलाफ छक्का लगाकर की और पूरे टूर्नामेंट में अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी से फैंस का दिल जीत लिया। पहले ही सीजन में उन्होंने 32 गेंदों में शतक ठोककर क्रिकेट जगत को चौंका दिया।

    आईपीएल 2025 में वैभव सूर्यवंशी ने सिर्फ 7 मैचों में 206.56 के स्ट्राइक रेट से 252 रन बनाए। हालांकि असली परीक्षा आईपीएल 2026 में मानी जा रही थी क्योंकि अक्सर खिलाड़ी पहले सीजन में चमकते हैं लेकिन अगले सीजन विरोधी टीमें उनके खिलाफ रणनीति बनाकर उन्हें रोक देती हैं।

    मगर वैभव ने साबित कर दिया कि वह सिर्फ ‘वन सीजन वंडर’ नहीं हैं। आईपीएल 2026 में उन्होंने और ज्यादा आक्रामक अंदाज में बल्लेबाजी की। इस सीजन वह 15 मैचों में 680 रन बना चुके हैं और उनका स्ट्राइक रेट 242.86 का है। सबसे बड़ी बात यह रही कि उन्होंने 65 छक्के लगाकर क्रिस गेल का 14 साल पुराना रिकॉर्ड भी तोड़ दिया।

    आज वैभव सूर्यवंशी सिर्फ राजस्थान रॉयल्स ही नहीं बल्कि भारतीय क्रिकेट का भविष्य माने जा रहे हैं। जिस खिलाड़ी को दिल्ली कैपिटल्स अपने साथ जोड़ना चाहती थी उसे राजस्थान ने समय रहते पहचान लिया और अब यही ‘कोहिनूर’ पूरी दुनिया में चमक रहा है।

  • प्लेऑफ में आरसीबी का धमाकेदार प्रदर्शन, अनिल कुंबले बोले- यह टीम के आत्मविश्वास और चरित्र का प्रमाण

    प्लेऑफ में आरसीबी का धमाकेदार प्रदर्शन, अनिल कुंबले बोले- यह टीम के आत्मविश्वास और चरित्र का प्रमाण


    नई दिल्ली ।
    इंडियन प्रीमियर लीग 2026 के पहले क्वालीफायर में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने जिस तरह का प्रदर्शन किया, उसने क्रिकेट विशेषज्ञों और पूर्व खिलाड़ियों को भी प्रभावित किया है। धर्मशाला में खेले गए इस मुकाबले में Royal Challengers Bengaluru ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 254 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया और फिर गेंदबाजी में बेहतरीन अनुशासन दिखाते हुए Gujarat Titans को 162 रनों पर समेटकर 92 रनों की बड़ी जीत दर्ज की। इस जीत के बाद टीम के पूर्व कप्तान और दिग्गज स्पिनर Anil Kumble ने आरसीबी के प्रदर्शन को लेकर कहा कि यह सिर्फ एक जीत नहीं बल्कि टीम के चरित्र और आत्मविश्वास का स्पष्ट प्रमाण है। कुंबले के अनुसार प्लेऑफ जैसे दबाव वाले मुकाबले में इतना बड़ा स्कोर बनाना किसी भी टीम के लिए आसान नहीं होता, लेकिन आरसीबी ने जिस आक्रामकता और संतुलन के साथ बल्लेबाजी की, उसने मैच की दिशा पहले ही तय कर दी। उन्होंने कहा कि पिच बल्लेबाजी के अनुकूल जरूर थी, लेकिन इतने बड़े मुकाबले में मानसिक दबाव को संभालना और लगातार रन बनाना ही असली चुनौती होती है, जिसे आरसीबी के बल्लेबाजों ने पूरी तरह से सफलतापूर्वक निभाया।
    A को रेखांकित किया, जब साई सुदर्शन दुर्भाग्यपूर्ण तरीके से आउट हुए और उसके बाद मैच का पूरा रुख बदल गया। कुंबले ने कहा कि उस एक विकेट ने आरसीबी को खेल पर पकड़ बनाने का मौका दिया, जिसके बाद गेंदबाजों ने लगातार अनुशासित लाइन और लेंथ के साथ खेल को नियंत्रित किया। उन्होंने इसे एक क्लिनिकल परफॉर्मेंस बताया जिसमें बल्लेबाजी, गेंदबाजी और फील्डिंग तीनों विभागों में टीम ने शानदार तालमेल दिखाया।

    पूर्व भारतीय कप्तान ने कप्तान रजत पाटीदार के प्रदर्शन को भी विशेष रूप से सराहा, जिन्होंने 33 गेंदों पर नाबाद 93 रनों की विस्फोटक पारी खेली और टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया। कुंबले के अनुसार बड़े मैचों में इस तरह का प्रदर्शन कप्तान के प्रति ड्रेसिंग रूम का भरोसा और सम्मान बढ़ाता है, जिससे टीम और अधिक एकजुट होकर खेलती है। उन्होंने कहा कि प्लेऑफ जैसे मुकाबले में जीत हासिल करना सिर्फ अंक या रिकॉर्ड का मामला नहीं होता, बल्कि यह टीम के आत्मविश्वास को नई ऊंचाई देता है और आगे के मुकाबलों के लिए मानसिक बढ़त भी प्रदान करता है। कुंबले ने यह भी कहा कि आरसीबी की सबसे बड़ी ताकत यह है कि हर मैच में कोई नया खिलाड़ी जिम्मेदारी उठाता है, जिससे टीम का संतुलन मजबूत बना रहता है। उनके अनुसार जब हर खिलाड़ी योगदान देता है तो वही टीम वास्तविक अर्थों में चैंपियन बनने की क्षमता रखती है। इस जीत ने न केवल आरसीबी को फाइनल में पहुंचाया है बल्कि पूरे टूर्नामेंट में उनकी दावेदारी को और मजबूत कर दिया है।

  • IPL 2026 क्वालीफायर 1 में RCB का तूफान, विराट कोहली ने बनाया अनोखा रिकॉर्ड, गुजरात टाइटंस पर 92 रन की बड़ी जीत

    IPL 2026 क्वालीफायर 1 में RCB का तूफान, विराट कोहली ने बनाया अनोखा रिकॉर्ड, गुजरात टाइटंस पर 92 रन की बड़ी जीत

    नई दिल्ली । आईपीएल 2026 के क्वालीफायर 1 मुकाबले में धर्मशाला के मैदान पर रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने शानदार प्रदर्शन करते हुए गुजरात टाइटंस को बड़े अंतर से हराकर फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। इस हाई-वोल्टेज मुकाबले में टीम के प्रदर्शन के साथ-साथ विराट कोहली ने एक बार फिर अपने निरंतर खेल से इतिहास में नया अध्याय जोड़ दिया। भले ही उनकी पारी लंबी नहीं रही, लेकिन उन्होंने एक ऐसा रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया जो आईपीएल इतिहास में पहले कभी किसी बल्लेबाज ने हासिल नहीं किया था।

    विराट कोहली ने इस सीजन में 600 से अधिक रनों का आंकड़ा पार करते हुए लगातार चौथे सीजन में यह उपलब्धि हासिल की। इसके साथ ही वह आईपीएल इतिहास के पहले ऐसे बल्लेबाज बन गए हैं जिन्होंने चार लगातार सीजनों में 600 या उससे अधिक रन बनाए हैं। यह उपलब्धि उनके लंबे और स्थिर प्रदर्शन को दर्शाती है, जिसमें वह वर्षों से लगातार उच्च स्तर की बल्लेबाजी करते आ रहे हैं और टीम के लिए महत्वपूर्ण योगदान देते रहे हैं।

    मैच के दौरान कोहली ने तेज शुरुआत करते हुए 25 गेंदों में 43 रन बनाए। उनकी बल्लेबाजी में आक्रामकता और आत्मविश्वास स्पष्ट दिखाई दिया और ऐसा लग रहा था कि वह एक बड़ी पारी खेल सकते हैं, लेकिन गुजरात टाइटंस के गेंदबाज जेसन होल्डर ने उन्हें क्लीन बोल्ड कर पवेलियन भेज दिया। इसके बावजूद उनकी छोटी लेकिन प्रभावशाली पारी ने टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।

    दूसरी ओर रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के लिए रजत पाटीदार ने जबरदस्त बल्लेबाजी करते हुए मैच का रुख पूरी तरह बदल दिया। उन्होंने मात्र 33 गेंदों में नाबाद 93 रनों की विस्फोटक पारी खेली, जिसमें चौकों और छक्कों की बरसात देखने को मिली। उनकी इस पारी ने गुजरात टाइटंस के गेंदबाजों को पूरी तरह दबाव में डाल दिया और टीम बड़े स्कोर की ओर बढ़ गई। पाटीदार के साथ क्रुणाल पांड्या ने भी 43 रनों की अहम पारी खेलकर टीम को मजबूत स्कोर तक पहुंचाने में योगदान दिया।

    आरसीबी ने निर्धारित ओवरों में 254 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया, जो आईपीएल प्लेऑफ इतिहास का सबसे बड़ा स्कोर बन गया। जवाब में गुजरात टाइटंस की टीम लक्ष्य का पीछा करते हुए नियमित अंतराल पर विकेट गंवाती रही और पूरी टीम 162 रनों पर सिमट गई। इस तरह रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने 92 रनों की बड़ी जीत दर्ज कर फाइनल में प्रवेश कर लिया।

    विराट कोहली का यह रिकॉर्ड उनके करियर की निरंतरता और उत्कृष्टता का एक और प्रमाण है। लगातार चार सीजनों में 600 से अधिक रन बनाना यह दर्शाता है कि वह आज भी टी20 क्रिकेट में सबसे भरोसेमंद और प्रभावशाली बल्लेबाजों में से एक बने हुए हैं। उनकी यह उपलब्धि न केवल उनके प्रशंसकों के लिए गर्व का क्षण है, बल्कि पूरे क्रिकेट जगत में भी चर्चा का विषय बन गई है।